ब्रज चंद्रिका दास और स्वलक्षणा दास का ग्रुप इन दिनों कुंभ मेले में घूमघूमकर लोगों के बीच गीता की पुस्तक बेच रही हैं। चंद्रिका न्यूजी लैंड की हैं जबकि इनके बाकी साथी रूस व अन्य देशों से हैं। आर्थिक रूप से संपन्न परिवार से आने वाली चंद्रिका किसी आमदनी के लिए गीता की पुस्तिका नहीं बेच रही हैं। बल्कि इनका मकसद लोगों के बीच गीता के ज्ञान को प्रचारित करना है। इस्कॉन से संबंध रखने वाली चंद्रिका की हिंदू धर्म में आस्था अनूठी है। चंद्रिका दास उन हिंदुओं के लिए बड़ी सीख बनी हैं..जिनका जन्म से तो इस सनातन धर्म से नाता है, लेकिन उनके कर्मों ने उन्हें अपनी ही धार्मिक संस्कृति से दूर कर दिया है।