‘दिशा’ के हत्यारों में से एक है किडनी पेशंट, मगर पछतावा...

डिजाइन फोटो - Sakshi Samachar

हैदराबाद : वेटरनरी डॉक्टर 'दिशा' के हत्या और बलात्कार के चारों आरोपियों को हैदराबाद के हाईटेक चेरापल्ली जेल को शनिवार शाम को कड़ी सुरक्षा के बीच लाया गया। आरोपी मोहम्मद आरिफ, शिवा, नवीन और चेन्नकेशवुलु को सिंगल डबल सेल में अलग-अलग रखा गया है।

शनिवार रात को ये चारों ठीक प्रकार से सोये नहीं। रविवार को सुबह इन चारों को उपमा दिया गया। दोपहर को साधारण भोजन परोसा गया। शाम को मांस आहार में मटन करी दी गई। सभी ने मटन करी खाई। यह खाना जेल के नियम के अनुसार ही परोसा गया। दिन भर उनके चेहरे पर किसी प्रकार का पछतावा नहीं था।

डबल सिंगल सेल

डबल सिंगल सेल में ऐसे कैदियों को रखा जाता है, जो जेल में कैदी और अधिकारियों के साथ लड़ाई झगड़ा करता है। इस सेल में रखे हुए कैदी का अन्य कैदियों से संबंध टूट जाता है। केवल नास्ता, चाय और खाने के दौरान सेल का गेट खोला जात है। बाद में बंद कर दिया जाता है। मल मूत्र सेल के अंदर ही एक कोने में बना होता है। आत्महत्या करने के लायक एक वस्तू भी नहीं होती है। लाइट बल्ब भी काफी दूर होता है।

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किडनी पेशंट

अधिकरियों ने इन चारों विचाराधीन कैदियों के लिए खास सुरक्षा व्यवस्था की है। तीन शिफ्टों में 24 जेल पुलिस कांस्टेबलों को तैनात किया गया। किसी को भी इन सेल के आस पाल भटकने नहीं दिया जाता है। पता चला है कि इन में से एक कैदी की किडनी खराब है। इस कैदी निम्स में इलाज चल रहा था। इसका छह महीने में एक बार इसका डायलिसिस किया जाना है। चिकित्सकों से संपर्क करने के बाद उस कैदी की इलाज की प्रक्रिया आरंभ की जाएगी।

बता दें कि दिशा के साथ इस चारों आरोपियों ने पहले रेप किया और बाद में उसकी निर्मम हत्या कर दी थी। यही नहीं उन्होंने लाश की शिनाख्त ना हो पाए इसलिए उस पर पेट्रोल डालकर जला दिया था।

क्या है मामला?

बुधवार की रात (27 नवंबर) डॉक्टर दिशा अपने स्कूटी से किसी काम के सिलसिल घर से बाहर गई थी। रात करीब 9 बजकर 22 मिनट पर उसकी स्कूटी पंक्चर हो गई थी। पता चला कि आरोपियों ने साजिश के तहत महिला की स्कूटी पंक्चर कर दी थी। इस दौरान आरोपियों ने उसे मदद करने की पेशकश की थी। उन्होंने महिला को अलग जगह ले गए। इसके बाद दोनों आरोपियों ने अपने दो और दोस्तों को बुला लिया। इसके बाद उन सभी ने बारी-बारी से डॉक्टर के साथ रेप किया। इस दौरान आरोपियों ने उसका मुंह दबाया, इस दौरान उसकी दम घुट जाने के कारण मौत हो गई।

फोन पर बहन से हुई यह बात

दिशा ने रात 9.22 बजे अपनी छोटी बहन को फोन कर बताया कि उसकी स्कूटी का टायर पंक्चर हुआ है और एक युवक उसे दुरुस्त करने के लिए गया है। उसने कहा, 'बगल में लॉरी में कुछ लोग हैं जो मुझे घूर रहे हैं। यहां चारों तरफ लॉरी ड्राइवर हैं और उन्हें देखकर डर लगने लगा है और सभी मेरी तरफ देख रहे हैं।' लेडी डॉक्टर ने बहन से कुछ देर तक फोन पर बातें करने की अपील की। इस तरह करीब 6 मिनट तक प्रियंका अपनी बहन से फोन पर बातें करती रही। लेकिन उसके बाद प्रियंका का फोन स्विच ऑफ हो गया।

मिला शव

गुरुवार तड़के शादनगर के सीमावर्ती क्षेत्र चटानपल्ली के पास आग देखकर स्थानीय किसान ने पुलिस को इसकी सूचना दी। पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची। रात को ही दिशा के लापता होने का मामला दर्ज किया गया था। आस पास पाये लाकेट और कुछ अन्य चीजों पाई गई। इसके आधार उसकी पहचान दिशा की गई।

पुलिस ने उसके फोन कॉल डेका को चेक किया तो आखिर कॉल लॉरी चालक मोहम्मद आरिफ का निकला। इसी के आधार पर चारों आरोपियों को पकड़ने पुलिस को सफलता मिली है। मगर अब तक दिशा का फोन नहीं मिला है।

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