हैदराबाद : TSRTC कर्मचारियों की हड़ताल को लेकर दाखिल याचिका पर सोमवार को हाईकोर्ट में फिर से सुनवाई होने के मद्देनजर मुख्यमंत्री के. चंद्रशेखर राव ने शनिवार रात एक बार फिर स्थिति की समीक्षा की।

परिवहन मंत्री पुव्वाड़ा अजय कुमार, आरटीसी प्रभारी एमडी सुनील शर्मा, परिवहन आयुक्त संदीप कुमार सुल्तानिया, एसी प्रसाद आदि की मौजूदगी में करीब डेढ़ घंटे तक चली मैराथन बैठक में हाईकोर्ट की फटकार सहित आगे की सुनवाई में सरकार की रणनीति पर चर्चा करने की खबर है।

समीक्षा बैठक में मुख्यमंत्री केसीआर के तेलंगाना आरटीसी के अस्तित्व पर सवाल उठने की स्थिति पैदा होने के मद्देनजर टीएसआरटीसी की स्थापना के बाद उत्पन्न परिस्थितियों और उसकी कानूनबद्धता से अवगत कराने के निर्देश दिए हैं।

सोमवार को हाईकोर्ट के स्पष्ट आदेश मिलने की स्थिति में उसपर सरकार का रुख किस तरह का होना चाहिए इसपर भी चर्चा हुई। इस मामले में जरूरत पड़ने पर सुप्रीम कोर्ट जाने की राय इससे पहले ही व्यक्त होने के मद्देनजर सोमवार को हाईकोर्ट के निर्देश के बाद उसकी आवश्यकता पर चर्चा होने की खबर है। सूत्रों की मानें तो सोमवार तक निजी बसों को परमिट के लिए अधिसूचना जारी नहीं करने के हाईकोर्ट के स्पष्ट आदेश के मद्देजनर उस मुद्दे पर भी चर्चा हुई।

गौरतलब है कि मुख्यमंत्री कार्यालय ने इस बैठक से संबंधित जानकारी नहीं दी है और बैठक में शामिल हुए अधिकारियों ने भी मीडिया से कोई बात नहीं की है।

सूत्रों के मुताबिक बैठक में मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से कहा, ' कोर्ट का रुख क्या होगा इसका इंतजार करेंगे। हम चाहे कुछ भी कहे वह सुनने की स्थिति में नहीं है। कोर्ट सरकार को विरोध की दृष्टि से देख रहा है।

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हमें जो कहना था हमने कह दिया है। कोर्ट को कैबिनेट की प्रोसिडिंग्स पर सवाल उठाने का अधिकार नहीं है। नए कानून के मुताबिक ही फैसला किया है। दिशा-निर्देश तय करने से पहले ही गलत कैसे ठहरा सकते हैं।''