कांग्रेस की सूची से महाकूटमी में दरार, बागी उम्मीदवार के रूप में उतरने की धमकी

सीपीआई के चाडा वेंकट रेड्डी और कोदंडराम (फाइल फोटो) - Sakshi Samachar

हैदराबाद : कांग्रेस पार्टी की घोषित उम्मीदवारों की सूची ने 'महाकूटमी' (महागठबंधन) के सहयोगी दल तेलंगाना जन समिति (टीजेएस) और भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (सीपीआई) में दरार पैदा कर दी है।

कांग्रेस ने टीजेएस और सीपीआई को अपेक्षित सीटों पर अपने उम्मीदवारों की घोषणा कर दी है इसलिए यह दरार पैदा हो गई है। इसकी चलते इन दो सहयोगी दलों में अग्नि ज्वाला भड़क उठी है। महागठबंधन के ये दल अब असंतोष व्यक्त करने के लिए बागी उम्मीदवार के रूप में चुनाव लड़ने का मन बनाया है।

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टीजेएस पहले से ही आलेरु, आसिफाबाद, स्टेशनघनपुर और तांडूर निर्वाचन क्षेत्रों की सीटों की मांग कर रही है। जबकि कोत्तागुडेम सीट पर सीपीआई आस लगाये बैठी थी। मगर कांग्रेस ने कोत्तागु़डेम टिकट पूर्व मंत्री वनमा वेंकटेश्व राव को दिया है।

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इसी क्रम में टीजेएस द्वारा पूछे गये सीटों पर कांग्रेस ने उम्मीदवारों की घोषणा कर दी है। कांग्रेस ने स्टेशनघनपुर से सिंगपुर इंदिरा, आलेरु से बूडिदा भिक्षमय्या गौड़, तांडूर से पंजुगुला पाइल रोहित रेड्डी और आसिफाबाद से अत्रम सक्कु के नामों की घोषणा की है। इसके अलावा 'तेलंगाना इंटी पार्टी' के नकिरेकल निर्वाचन क्षेत्र में कांग्रेस ने चिरुमर्ती लिंगय्या को अपना उम्मीदवार घोषित किया है।

कांग्रेस की घोषित सूची से नाराज ये सहयोगी दल सोच में पड़ गई है। महाकूटमी समझौता के अनुसार टीजेएस को 8 सीपीआई को 3, टीडीपी को 14 और तेलंगाना इंटी पार्टी को एक सीट देने की बात शामिल है। इस प्रस्ताव को मान भी लिया गया था।

साथ ही जो सीटें पूछे गये थे, वे सीट देने का आग्रह भी किया गया था। मगर कांग्रेस ने इस बात को गंभीरता से नहीं लिया। सहयोगी दलों के स्थानों पर कांग्रेस ने अपने उम्मीदवारों की घोषणा कर दी है। इतना नहीं, जहां पर तेलंगाना राष्ट्र समिति शक्तिशाली है, वहां पर टीजेएस को टिकट दिये जाने का आरोप है।

इसके अलावा टीजेएस के अध्यक्ष प्रो. कोदंडराम को अपेक्षित जनगाम सीट को लंबित रखा गया है। इस बात को टीजेएस के नेता हजम नहीं कर पा रही है। परिणामस्वरूप टीजेएस के नेता बागी उम्मीदवार के रूप में चुनाव मैदान में उतर रहे हैं।

इसी क्रम में आलेरु निर्वाचन क्षेत्र के टीजेएस के नेता कल्लूर रामचंद्र रेड्डी मंगलवार को निर्दलीय उम्मीदवार के रूप नामांकन पत्र दाखिल करने की घोषणा की है। अन्य नेता भी इसी का अनुकरण करने में लगे हैं।

स्टेशनघनपुर के टीजेएस के नेता चिंता स्वामी पार्टी से इस्तीफा देने की धमकी है। महागठबंधन के टिकट आवंटन फैसले को लेकर टीडीपी को छोड़कर अन्य सभी सहयोगी दल नाराज है।

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