विशाखापट्टनम। भारत व न्यूजीलैंड के बीच खेले जा रहे पांचवें व अंतिम एकदिवसीय मैच में भारत की साथ दांव पर है तो वहीं न्यूजीलैंड के तेज गेंदबाज टिम साउदी को भरोसा है कि कीवी टीम भारत में पहली बार द्विपक्षीय एकदिवसीय सीरीज में जीतकर इतिहास रच सकती है।

अब तक मिलती रही है हार

आपको बता दें कि भारत और न्यूजीलैंड के बीच द्विपक्षीय सीरीज 1988 में शुरू हुई थी जब दिलीप वेंगसरकर की अगुवाई वाली टीम ने जॉन राइट की कप्तानी में खेल रही टीम को 4-0 से हराकर क्लीन स्वीप किया था। उसके बाद वर्ष 1995 में मोहम्मद अजहरुद्दीन की भारतीय टीम ने 3-2 से जीत दर्ज की थी और चार साल बाद एकबार फिर से सचिन तेंदुलकर की कप्तानी में भारतीय टीम ने यही कहानी दोहराई थी।

न्यूजीलैंड की टीम की सबसे बुरी हार 2010 में हुई थी,जब गौतम गंभीर की अगुवाई वाली भारतीय टीम ने रॉस टेलर एंड कंपनी को 5-0 से हराकर रख दिया था।

पहली बार श्रृंखला जीतने का मौका

टिम साउथी ने मैच की पूर्व संध्या पर कहा था कि हर कोई अंतिम मैच खेलने के लिये बेताब है और इसे जीत के साथ समाप्त करना शानदार होगा।

अगर न्यूजीलैंड के इस तेज गेंदबाज की चाह पूरी होती है तो सीरीज के निर्णायक मुकाबले में जीत दर्ज करते ही भारत के खिलाफ सीरीज जीतने वाली न्यूजीलैंड की पहली टीम बन जाएगी।