श्रीनगर : जम्मू एवं कश्मीर की गठबंधन सरकार से भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) द्वारा समर्थन वापस लेने के बाद अचंभित मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती ने मंगलवार को अपना इस्तीफा राज्यपाल एन.एन. वोहरा को सौंप दिया। भाजपा के फैसले की जानकारी मिलते ही महबूबा राज भवन पहुंचीं। इसके बाद उन्होंने पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी (पीडीपी) की एक आपात बैठक बुलाई।

एक चकित करने वाले घटनाक्रम के तहत भाजपा ने राज्य सरकार में अपने सभी मंत्रियों को नई दिल्ली बुलाया और उसके बाद उसने घोषणा की कि पार्टी ने पीडीपी-भाजपा गठबंधन से बाहर होने का निर्णय लिया है। भाजपा नेता राम माधव ने कहा कि भाजपा के लिए सरकार में बने रहना कठिन हो गया था। उन्होंने कहा, "इसलिए हमने सरकार से अपना समर्थन वापस लेने का फैसला किया।"

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उन्होंने कहा कि जम्मू एवं कश्मीर में सुरक्षा-व्यवस्था इतनी बुरी हो गई थी कि देश की अखंडता को ध्यान में रखते हुए हमें समर्थन खत्म करने का फैसला लेना पड़ा। वरिष्ठ भाजपा नेता और उपमुख्यमंत्री कविंद्र गुप्ता ने कहा कि भाजपा के सभी मंत्रियों का इस्तीफा मुख्यमंत्री को भेज दिया गया है।

गुप्ता ने कहा, "राज्यपाल को निर्णय के बारे में सूचित किया जा रहा है और अब राज्य में अगले संवैधानिक कदम पर निर्णय वही लेंगे।" 2014 के विधानसभा चुनाव बाद भाजपा से समर्थन मिलने के बाद पीडीपी ने गठबंधन सरकार बनाया था।