वरंगल जिले की पुलिस इस तरह से खोलने जा रही है 9 लोगों की मौत का राज, मिले अहम सुराग

Warangal Police will open 9 People Murder Mystery soon - Sakshi Samachar

पुलिस के लिए नौ लोगों की मौत एक सवाल बन गया

डीसीपी और दो एसीपी के नेतृत्व में सात दलों को गठित

बुस्रा खातून का याकूब के बीच अवैझ संबंध पर संदेह

हैदराबाद : पुलिस वरंगल जिले के गीसुकोंडा मंडल के गोर्रेकुंटा स्थित एक कुएं में मारे गये नौ लोगों की घटना की सभी पहलू की जांच में जुट गई है। कुएं में पश्चिम बंगाल निवासी महम्मद मकसूद के साथ उनकी बीवी, बेटी और उसके पोते के शव गुरुवार को पाये गये। अगले दिन शुक्रवार को दो बेटों के साथ तीन और शव कुएं में दिखाई दिये। इसके चलते पुलिस एक साथ नौ लोगों की मौत के कारणों की जांच शुरू कर दी। 

पुलिस इन नौ लोगों की आत्महत्या या हत्या की है ? इन पहलू की जांच कर रही है। वरंगल पुलिस के लिए नौ लोगों की मौत एक सवाल बन गया है। नौ लोगों की मौत की घटना की जांच के लिए डीसीपी वेंकटलक्ष्मी और दो एसीपी के नेतृत्व में सात दलों को गठित किया गया है। इसी क्रम में वरंगल नगर पुलिस आयुक्त वी रवींदर के नेतृत्व में शुक्रवार रात 11 बजे तक विशेष दल (सिट), आईटी कोर और क्लूज टीम के साथ बैठक की। 
 
फोन नंबर से मिलेंगे सुराग

पुलिस ने कुएं में पाये गये नौ लोगों की मौत का रहस्य जानने के लिए सभी पहलुओं पर जांच तेज कर दी है। इस घटना में महम्मद याकूब अलम का दोस्त और ड्राइवर शकील अहमद और मकसूद की बेटी बुस्रा खातून के बीच अवैध संबंध होने की चर्चा है। इसके चलते मिद्देपाका याकूब की इस मामले में अहम भूमिका बन गई है। इस घटना में शकील की मौत हो गई है। इसके चलते पुलिस की नजर अब उसके सेलफोन पर पड़ी है। 

श्याम और श्रीराम के कमरे में बचा हुआ खाना

पुलिस को पता चला है कि 20 मई को रात 7.30 बजे शकील की बिवी ताहेरा बेगम के साथ उसने फोन पर बातचीत की। उसने कहा, "मकसूद भाई ने बुलाया इसीलिए अर्जेंट आया हूं। रात 10 तक आऊंगा।" इसके बाद शकील अगले दिन तक बात नहीं की। शुक्रवार को कुएं में बरामद पांच शवों में शकील का शव भी था। इसके चलते पुलिस उसके सेलफोन नंबर (6281425573 व 9785434986) पर हुई बातचीत के रिकॉर्ड के खंगाल रही है।

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खातून के प्रेमी पर भी नजर

इसी क्रम में पुलिस ने बुस्रा खातून के प्रेमी के रूप में जिस पर संदेह व्यक्त किये जा रहा मिद्देपाका याकूब को शुक्रवार को हिरासत में लिया है। उसके फोन (9951488705) को सीज करके कॉलडेटा को खंगाल रही हैं। दूसरी ओर बिहार के दरभंगा जिले के केविट तालूका के सिसोनी निवासी और इनके साथ काम  करने वाले संजय कुमार को भी हिरासत में लिया है,  क्योंकि पुलिस ने पाया कि उसके फोन (7644836969) से मृतक के फोन को अनेक काल किये गये हैं। उसके साथ पूछताछ की जा रही है।

मकसूद, निशा और बुस्रा खातून

कहां हैं इनके सेलफोन

कुएं में मृत पाये गये नौ लोगों में से सात लोगों के सेलफोनों का पता नहीं चल पाया है। मृतकों की जानकारी मीडिया को देते समय पुलिस ने उनके फोन नंबरों की भी घोषित किये। मगर महमद मकसूद अलम (9963984070), उसकी बीवी निशा अलम (9347015241), उनकी बेटी बुस्रा खातून (9347015241), बेटी शाबाज अलम (6281823765), सोहेल अलम (9398341581), बिहार निवासी श्रीराम कुमार शाह (8307896729) और श्याम कुमार शाह (9528907640) के सेलफोन का पता नहीं चल पाया है। 

शवों को कुएं में से निकालने के बाद पुलिस ने पूरे कुएं में से मलबा निकाला। मगर सेलफोन नहीं मिले हैं। 20 मई के रात 8 बजे तक शकील का फोन मात्र चालू था। जबकि अन्य के फोन स्वीचऑफ थे। एक मिस्ट्री बने इस मामले में अब सेलफोन की भूमिक अहम बन गई है। पुलिस इस पहलू पर भी जांच आरंभ कर दी है। पुलिस इस घटना में मकसूद की बेटी बुस्रा खातून फोन (93470125241) के कॉलडिटेल की जानकारी एकत्रित करने में जुट गई है। पुलिस ने विश्वास व्यक्त किया है कि जल्द ही घटना पर से पर्दा उठ जाएगा। 

पोस्टमार्टम के बाद अंतिम संस्कार

एमजीएम अस्पताल में शुक्रवार रात 9.30 बजे नौ शवों का पोस्टमार्टम खत्म हुआ। खुलासा हुआ है कि सभी की मौत पानी में डूब जाने से हुई है। तीन साल के बच्चे को छोड़कर सभी शरीर पर कुएं में गिरते समय खरोंचे आये हैं। इसी दौरान मृतकों के शरीर से नमूने एकत्रित करके फोरेंसिक लैब को भेज दिये हैं। लैब की रिपोर्ट के आने के बाद ही इनके आत्महत्या और हत्या या अन्य कारणों का खुलासा हो जाएगा। दूसरी ओर तहसीलदार इकबाल ने बताया कि पोस्टमार्टम के बाद उनके परिजनों को इस घटना के बारे में जानकारी दे दी गई है। 9 लोगों का अंतिम संस्कार वरंगल में किया जाएगा। 

 करीमाबाद जाने के फैसले पर भी जांच  

पता चला है कि लॉकडाउन में ढील दिये जाने के बाद गोर्रेकुंटा में रह रहे मकसूद परिवार 25 मई को फिर से पुराने निवास करीमाबाद जाने का फैसला लिया था। इसी क्रम में मकसूद ने करीमाबाद में रह रहे मकान मालिक के पास आकर यह बात भी बताई। इतना ही नहीं, मकान की भी साफ-सफाई कर डाली। कहा जा रहा है कि मकसूद की बेटी बुस्रा खातून को लेकर बिहार के युवक श्रीराम और श्याम के बीच हो रहे झगड़े से तंग आकर ही याकूब ने करीमाबाद जाने का फैसला लिया है। इसी बीच सभी के शव कुएं में पाये गये।

मंत्री एर्राबल्ली दयाकर राव

पीड़ित परिजनों से बातचीत करते हुए मंत्री दयाकर राव

दूसरी ओर तेलंगाना के पंचायतराज मंत्री एर्राबल्ली दयाकर राव ने जिले में मजदूरों के मरने की घटना के बारे में कहा कि वरंगल जिले गोर्रेकुंटा के कुएं मृत पाये गये मजदूरों से जुड़ी घटना पर सारे एंगल से जांच की जा रही है। सच्चाई का खुलासा होने के बाद आवश्यक कार्रवाई  भी की जाएगी। 

मंत्री एर्राबल्ली दयाकर राव ने कहा कि इससे पहले मारे गये परिजनों के इच्छानुसार अंतिम संस्कार यहां करना है तो यहां सारी व्यवस्था की जाएगी।  अगर उनके परिजन कहेंगे को उनके शवों को गांवों को शवों को भेजने का सारा इंतजाम किया जाएगा।

मंत्री ने शुक्रवार को एमजीएम अस्पताल का दौरा किया और मृतकों के शवों का मुआयना किया। इसके बाद वरंगर रूरल जिलाधीश हरिता और पुलिस आयुक्त रवींदर के साथ घटना से जुड़े हर एक चीज की बारीकी के साथ जानकारी ली। इसके बाद मौक पर मौजूद डॉक्टरों से भी बातचीत की।

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