गाड़ी में बैठे बैठे होगा कोरोना टेस्ट, ऐसे कराएं रजिस्ट्रेशन

Drive through Corona test facility start in India - Sakshi Samachar

निजी लैब एजेंसीज की कोरोना टेस्ट को लेकर बड़ी पहल

कार में बैठे बैठे होगा कोरोना टेस्ट 

सरकार ने निजी कंपनियों को दी मंजूरी

नई दिल्ली: निजी टेस्टिंग लैब्स के प्रयास से अब सुरक्षित तरीके से गाड़ी में बैठे बैठे आप अपना कोरोना टेस्ट करवा सकते हैं। इस तरह की सुविधा दिल्ली एनसीआर में शुरू होने जा रही है। अगर ये प्रयोग सफल रहा तो संभव है देशभर में इसका व्यापक इस्तेमाल किया जा सकता है। ड्राइव थ्रू टेस्ट नाम से ये सेवा प्राइवेट लैब्स ने शुरू की है। एसआरएल डायगनेस्टिक्स (SRL Diagnostics) अगले एक हफ्ते में ये सुविधा शुरू कर देगी। SRL के गुरुग्राम सेक्टर 29 के लैब में इसके लिए फैसिलिटी पर काम किया जा रहा है। 

कोरोना के डर से तेलंगाना के शख्स ने 20 बकरियों को पहनाया मास्क

असल में अगर आप टेस्टिंग लैब में सैंपल देने जाते हैं तो वहां संक्रमण का खतरा बना रहता है। इसी डर से कई लोग सैंपल देने से बचने की कोशिश करने लगे हैं। ड्राइव थ्रू टेस्ट में सैंपल लेने से पहले आपकी गाड़ी को सैनिटाइज किया जाता है। पूरी प्रक्रिया में मरीज सहित लैब टेक्निशियन भी सुरक्षित तरीके से काम करते हैं। बता दें कि डॉ. डैंग लैब पहले ही इस तरह की सेवाएं शुरू कर चुका है। थायरोकेयर (Thyrocare) भी इस तरह के प्रयासों पर काम कर रहा है। 

जांच के लिए ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन जरूरी

ड्राइव थ्रू टेस्ट के जरिए जांच के लिए आपको ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन कराना होता है। इसके लिए आपको अपनी कार की पूरी जानकारी देनी होगी। साथ ही टेस्ट के लिए फी ऑनलाइन ही चुकाना होगा। फिर आपको टाइम स्लॉट दिया जाएगा, उसी अवधि के दौरान लैब टेक्निशिनय आपके यहां, या फिर आपके बताए जगह पहुंचेंगे। पूरी प्रक्रिया कार में ही पूरी की जाएगी। टैक्नीशि्यन आपके गले और नाक का स्वैब लेगा। फिर इसे सघन जांच के लिए लैब भेजा जाएगा। 24-48 घंटों के दरम्यान रिपोर्ट आपको ऑनलाइन ही मुहैया कराया जायेगा। सैंपल लेने की पूरी प्रक्रिया में 2 से तीन मिनट का समय लगता है। टेक्निशिनय सैंपल लेने से पहले आपको प्रक्रिया समझाएंगे भी।

देश में कोरोना मरीजों की संख्या करीब छह हजार हो गई है। जिस तेजी से इसका प्रसार हो रहा है ऐसे में जरूरी है कि टेस्टिंग फैसिलिटी बढ़ाई जाय। अगर टेस्टिंग लैब्स में भीड़ जुटती है तो खतरा और बढ़ेगा। लिहाजा सरकार भी ड्राइव थ्रू टेस्ट जैसे प्रयोगों को बढ़ावा दे रही है। 
 

Loading...
Advertisement
Back to Top