राहुल गांधी बोले- चीनी घुसपैठ के मुद्दे पर सच बोलूंगा, चाहें राजनीतिक करियर बर्बाद हो जाए

Rahul Gandhi Said  I Will Tell Truth On The Issue Of Chinese Intrusion, Whether Political Career Is Ruined - Sakshi Samachar

सच्चाई छिपाना 'देशद्रोह' और उसे बाहर लाना 'देशभक्ति' है: राहुल

एक भारतीय के रूप में पहली प्राथमिकता देश और लोग : राहुल गांधी

नई दिल्ली : कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने लद्दाख में वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) पर गतिरोध की पृष्ठभूमि में सोमवार को कहा कि वह चीन की घुसपैठ पर झूठ नहीं बोलने वाले हैं, चाहे उनका राजनीतिक जीवन ही क्यों न खत्म हो जाए। साथ ही उन्होंने कहा कि चीनी सैनिकों की भारतीय सीमा में घुसपैठ को नकारने और इस विषय पर झूठ बोलने वाले देशभक्त नहीं हैं। 

भारतीय होने के नाते मेरी पहली प्राथमिकता देश और लोग
उन्होंने एक वीडियो जारी कर कहा, ‘‘एक भारतीय होने के नाते मेरी पहली प्राथमिकता देश और इसकी जनता है। उन लोगों के बारे में आपका क्या ख्याल है जो कहते हैं कि प्रधानमंत्री से चीन पर आपके सवाल भारत को कमजोर कर रहे हैं ? यह एकदम साफ है कि चीनी हमारे इलाके में घुस गये हैं। यह बात मुझे परेशान करती है। इससे मेरा खून खौलने लगता है कि कैसे एक दूसरा देश हमारे इलाके में घुस आया?'' 

मैं चुप रहूं और अपने लोगोे से झूठ बोलू ऐसा नहीं हो सकता : राहुल

कांग्रेस नेता ने कहा, ‘‘ अब आप एक राजनीतिज्ञ के तौर पर चाहते हैं कि मैं चुप रहूं और अपने लोगों से झूठ बोलूं तो ऐसा नहीं होने वाला है। मैंने उपग्रह की तस्वीरें देखी हैं, मैंने पूर्व सैन्यकर्मियों से बात की है। अगर आप चाहते हैं कि मैं झूठ बोलूं कि चीनी इस देश में नहीं घुसे हैं तो मैं झूठ नहीं बोलने वाला। स्पष्ट कर दूं कि मैं ऐसा नहीं करने वाला। चाहे मेरा पूरा भविष्य डूब जाए लेकिन मैं झूठ नहीं बोल सकता।'' चीन की घुसपैठ के मुद्दे को पिछले कई हफ्तों से उठा रहे राहुल गांधी ने दावा किया, ‘‘मेरा मानना है कि वो लोग जो चीनियों के हमारे देश में घुसने के बारे में झूठ बोल रहे वही लोग राष्ट्रवादी नहीं हैं। मेरे ख्याल में जो लोग झूठ बोल रहे और कह रहे हैं कि चीनी भारत में नहीं घुसे हैं, वो देशभक्त नहीं हैं।''

चाहे राजनीतिक जीवन ही क्यों न खत्म हो जाए, झूठ नहीं बोलूंगा : राहुल 

 उन्होंने कहा, ‘‘ इसलिए स्पष्ट कह दूं कि मैं चिंता नहीं करता, चाहे इसका राजनीतिक मूल्य भी चुकाना पड़े। मैं चिंता नहीं करता चाहे मेरा राजनीतिक जीवन पूरी तरह खत्म हो जाए। जहां तक भारतीय क्षेत्र का संबंध है, मैं इस बारे में केवल सच बोलूंगा।'' गौरतलब है कि लद्दाख में एलएसी पर पिछले कई हफ्तों से तनाव बना हुआ है। दोनों देशों के बीच कई दौर की बातचीत हो चुकी है और चीन ने अपने सैनिकों को पीछे हटाने पर सहमति जताई थी, हालांकि खबरों में कहा गया है कि कुछ इलाकों में गतिरोध की स्थिति अब भी बनी हुई है। 

 

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