तो क्या पीएम मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति मिलकर तैयार कर रहे हैं चीन को सबक सिखाने का कोई प्लान!

Is PM Modi and the US President together preparing a plan to teach China a lesson! - Sakshi Samachar

ट्रंप ने पीएम मोदी से फोन पर की बातचीत

मोदी को जी7 सम्मेलन में आने का दिया न्योता

चीन से अमेरिका और भारत दोनों हैं नाराज

क्या मोदी और ट्रंप मिलकर चीन को देंगे मात

नई दिल्ली : अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को मंगलवार को फोन करके जी-7 सम्मेलन में शामिल होने का न्योता दिया। उन्होंने इच्छा जताई कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी-7 सम्मेलन में शामिल हों। सूत्रों की मानें तो दोनों देशों के प्रमुखों ने मिलकर चीन को सबक सिखाने के लिए मेगाप्लान तैयार कर लिया है।

अमेरिका में जारी हिंसा को लेकर चिंता व्यक्त की

पीएम मोदी ने भी कहा कि कोरोना के बाद के समय में इस तरह के मजबूत संगठन की जरूरत है। पीएम ने कहा कि इस सम्मेलन की सफलता के लिए अमेरिका और अन्य देशों के साथ मिलकर काम करना प्रसन्नता का विषय है। प्रधानमंत्री मोदी ने अमेरिका में जारी हिंसा को लेकर चिंता व्यक्त की और स्थिति के जल्द ठीक होने की कामना की।

बता दें कि इस समय अमेरिका में कई शहरों में हिंसक प्रदर्शन हो रहे हैं। अमेरिका में जॉर्ज फ्लॉयर्ड नाम के अश्वेत की मौत के बाद वहां हिंसा भड़क उठी। व्हाइट हाउस तक हिंसा पहुंचने के बाद डोनाल्ड ट्रंप को बंकर में छिपाना पड़ा था।

चीन के साथ विवाद पर भी बातचीत

पीएम मोदी और डोनाल्ड ट्रंप के बीच भारत और चीन के बीच जारी विवाद को लेकर भी चर्चा हुई। डोनाल्ड ट्रंप ने हाल ही में भारत और चीन के बीच मध्यस्थता को लेकर प्रस्ताव रखने की बात की थी। ट्रंप की इस पेशकश को भारत और चीन ने खारिज कर दिया था।

राष्ट्रपति ट्रंप ने बातचीत के दौरान इस साल फरवरी में अपनी भारत यात्रा को भी याद किया। उन्होंने भारत में हुए शानदार स्वागत का भी जिक्र किया। इस दौरान प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि यह यात्रा यादगार और ऐतिहासिक रही है। इसने द्विपक्षीय संबंधों में नई गतिशीलता भी जोड़ी है।

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WHO में सुधार और कोरोना वायरस को लेकर भी हुई बातचीत

दोनों नेताओं में विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) में सुधार और कोरोना वायरस को लेकर भी बातचीत हुई। बता दें कि हाल ही में अमेरिका ने विश्व स्वास्थ्य संगठन से हटने का ऐलान किया था। डोनाल्ड ट्रंप ने यह भी कहा कि WHO पूरी तरह से चीन के नियंत्रण में है। WHO बदलाव की प्रक्रिया शुरू करने में नाकाम रहा और अमेरिका विश्व स्वास्थ्य संगठन से अपना रिश्ता खत्म करेगा।

चीन का भारत और अमेरिका के साथ चल रहा है विवाद

पीएम मोदी और डोनाल्ड ट्रंप के बीच ऐसे समय बातचीत हुई जब चीन का भारत और अमेरिका के साथ विवाद चल रहा है। अमेरिका कोरोना वायरस के लिए चीन को जिम्मेदार ठहरा रहा है। अमेरिका का कहना है कि वुहान के लैब से ही कोरोना पूरी दुनिया में फैला। वहीं, लद्दाख में LAC के पास भारत और चीन के बीच करीब एक महीने से तनाव जारी है। चीन की हर साजिश का भारत मुंहतोड़ जवाब दे रहा है। ऐसे में दोनों नेताओं की बातचीत से चीन को मिर्ची लगनी तय है।

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