तो ये है हरियाली, कजरी और हरतालिका तीज में अंतर, जानें सबके महत्व व पूजा विधि

this is the difference between hariyali, Kajari and Hartalika Teej know importance and method of worship - Sakshi Samachar

सावन में हरियाली तीज हो चुकी है 

भादो में आती है कजरी तीज 

इसके बाद आती है हरतालिका तीज 

भादो माह शुरू हो चुका है और इस माह का पहला त्योहार है कजरी तीज जो कृष्णपक्ष की तृतीया को होता है। यह पर्व उत्तर भारत में खासतौर पर राजस्थान में मनाया जाता है। इस दिन सुहागिन महिलाएं व्रत रखती है और शाम के समय पूजा करके पति की लंबी आयु का वरदान मांगती है। इस बार कजरी तीज का पावन पर्व 6 अगस्त, गुरुवार को मनाया जाएगा। इस दिन रात में चंद्रमा को अर्घ्य भी दिया जाता है। 

साल में तीन तीज होती है खास 

साल में तीन बार तीज का त्योहार मनाया जाता है। हरियाली तीज, कजरी तीज और हरतालिका तीज। सभी तीज में पति की लंबी आयु और सुख-समृद्धि की कामना के लिए महिलाएं व्रत रखती हैं और पूजा पाठ करती है। 

आइए जानते हैं कब-कब मनाई जाती है ये तीन तरह की तीज और इसमें क्या है अंतर ....

सावन में आती है हरियाली तीज

हर वर्ष सावन महीने के शुक्ल पक्ष की तृतीया तिथि पर तीज का त्योहार मनाया जाता है। इसे हरियाली तीज या श्रावणी तीज भी कहते हैं। इस दिन सुहागिन महिलाएं अपने पति की लंबी आयु की कामना और परिवार की सुख-समृद्धि के लिए निर्जला व्रत रखती हैं। 
हरियाली तीज के मौके पर सुहागिन महिलाएं श्रृंगार कर दिनभर व्रत रखते हुए भगवान शिव और माता पार्वती की पूजा-आराधना और जाप करती हैं। हरियाली तीज का उपवास सुहागिन महिलाओं के साथ कुंवारी लड़कियां अच्छे वर की कामना के साथ करती हैं। 

मान्यता है कि सावन महीने में भगवान शिव ने देवी पार्वती की तपस्या से प्रसन्न होकर उन्हें पत्नी रूप में स्वीकार करने का वर दिया था। 23 जुलाई 2020 का हरियाली तीज का त्योहार मनाया गया। सावन के मौसम में हर जगह हरियाली दिखने से इसे हरियाली तीज का नाम दिया गया है।

भादो में मनाई जाती है कजरी तीज

हरियाली तीज की तरह ही कजरी तीज का त्योहार मनाया जाता है। कजरी तीज भादो के महीने की शुक्ल पक्ष की तृतीया तिथि पर मनाई जाती है। इसे भादो तीज भी कहा जाता है। इस व्रत में भी सुहागिन महिलाएं अपने पति की लंबी आयु का कामना में भगवान शिव और माता पार्वती की पूजा विधिवत रूप से करती है। कजरी तीज 6 अगस्त को मनाई जाएगी।


 

इस दिन मनाई जाती है हरितालिका तीज 

इस वर्ष हरितालिका 21 अगस्त को मनाई जाएगी। यह व्रत भी विवाहित महिलाएं पति की दीर्घायु की मनोकामना के साथ रखती है। हिन्दू पंचांग के अनुसार भाद्रपद महीने के शुक्ल पक्ष की तृतीया को हरतालिका तीज मनाई जाती है। इस व्रत को तीजा भी कहते हैं। विवाहित महिलाएं अपने अखंड सौभाग्य की कामना के लिए यह व्रत रखती है और अविवाहित लड़कियां अच्छे वर की कामना के लिए भी इस व्रत को रखती हैं।

शिव पुराण के अनुसार भगवान शिव को पति रूप में पाने के लिए मां पार्वती ने इस व्रत को रखा था, इसलिए इस व्रत का महत्व बढ़ जाता है। तब पार्वती जी के तप और आराधना से प्रसन्न होकर भगवान शिव ने माता पार्वती को पत्नी के रूप में स्वीकार किया था।हरतालिका तीज में महिलाएं पूरे दिन बिना जल ग्रहण किए  व्रत का पालन करती है और व्रत के अगले दिन जल ग्रहण करती है।

Advertisement
Back to Top