नई दिल्ली : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बुधवार को नमो ऐप के जरिए स्टार्टअप एंटरप्रेन्योर से बातचीत की। पीएम मोदी ने कहा कि स्टार्टअप्स ना केवल बड़े शहरों में शुरू हो रहे हैं बल्कि छोटे शहर और गांव भी स्टार्टअप्स के अग्रणी केंद्रों के रूप में उभर रहे हैं। हमारा युवा रोजगार मांगने वाला नहीं, रोजगार देने वाला बन रहा है।

प्रधानमंत्री ने कहा कि स्टार्टअप सेक्टर में आगे बढ़ने के लिए पर्याप्त पूंजी, साहस और लोगों से जुड़ने की जरुरत है। एक वक्त था जब स्टार्टअप का मतलब केवल डिजिटल और तकनीकी नवोन्मेष से था। अब चीजें बदल रही है, हम विभिन्न क्षेत्रों में स्टार्टअप देख रहे हैं।

यह भी पढ़ें :

‘ड्रीम स्टार्ट-अप इंडिया’ परियोजना लांच

ट्विटर के सह-संस्थापक ने लगाया दिल्ली के इस स्टार्ट-अप में पैसा

युवाओं और महिलाओं का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि भारत एक युवा राष्ट्र है। आज के युवा रोजगार सृजनकर्ता बन रहे हैं। हम जनसांख्यिकी लाभांश का उपयोग करने के लिए प्रतिबद्ध हैं। आज 45 फीसद स्टार्टअप महिलाओं द्वारा शुरू किए गए हैं

पीएम मोदी ने कहा कि स्टॉर्टअप को बढ़ावा देने के लिए पूंजी जरूरी है। इसलिए वित्तपोषण के लिए 10,000 करोड़ रुपये के कोष की स्थापना की गई है। स्टार्टअप अपने उत्पादों को सरकार को बेच सकते हैं, हमने उनके लिए नियमों को सरल किया है। भारत ने वैश्विक स्टार्टअप पारिस्थितिकी तंत्र में खुद से पहचान बनाई है।