नई दिल्ली : RJD सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव को CBSC मांग के बाद दिल्ली एम्स से रांची रिम्स अस्पताल शिफ्ट करने लिए एम्स प्रशासन की मंजूरी के बाद लालू यादव के समर्थकों ने अस्पताल में हंगामा करते हुए तोड़फोड़ की। इसके साथ ही अस्पताल के डायरेक्टर के साथ बदसलूकी की और इमेरजेंसी वार्ड के गार्ड की पिटाई भी की है।

दरअसल रांची रिम्स शिफ्ट नहीं करने को लेकर लालू यादव ने एम्स प्रशासन को चिट्ठी लिखी थी। रांची मेडिकल कॉलेज में किडनी के उपचार की समुचित व्यवस्था नहीं है इसलिए उनको वहां नहीं भेजा जाए। पत्र में लालू ने कहा, ‘‘अगर मुझे एम्स से रांची मेडिकल कॉलेज भेजा जाता है और इससे मेरे जीवन पर कोई खतर पैदा होता है तो इसकी पूरी जवाबदेही आप लोगों की होगी।''

लालू ने एम्स को पत्र लिखकर दर्ज कराई आपत्ति।  
लालू ने एम्स को पत्र लिखकर दर्ज कराई आपत्ति।  

एम्स के एक प्रवक्ता ने बताया कि ‘‘उनकी हालत स्थिर है और वह यात्रा करने के लिए फिट हैं।'' लालू को किडनी और स्वास्थ्य संबंधी दूसरी समस्याएं हैं।

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बता दें चारा घोटाले से जुड़े कई मामलों में सजायाफ्ता लालू प्रसाद तबीयत खराब होने के बाद रांची जेल से एम्स में भर्ती हुए थे। दुमका ट्रेजरी मामले में सीबीआई स्पेशल कोर्ट ने लालू यादव को अब तक की सबसे बड़ी और लंबी 14 साल की सजा सुनाई है।

इसके अलावा दो मामलों के तहत लालू प्रसाद को कुल 60 लाख का जुर्माना भी देना होगा। लालू यादव के खिलाफ चारा घोटाला के दो और मामलों में सजा आना बाकी है।

इससे पहले इसी वर्ष 24 जनवरी को लालू प्रसाद एवं जगन्नाथ मिश्र को सीबीआई की विशेष अदालत ने चाईबासा कोषागार से 35 करोड़, 62 लाख रुपये का गबन करने के चारा घोटाले के एक अन्य मामले में दोषी करार देते हुए पांच-पांच वर्ष सश्रम कारावास एवं क्रमशः दस लाख एवं पांच लाख रुपये जुर्माने की सजा सुनायी थी।