सहारनपुर: यूपी के सहारनपुर में सरकारी स्कूल में पढ़ने वाले चिराग ने अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया है। चिराग 20 करोड़ तक का पहाड़ा फटाफट सुना देते हैं। आठवीं में पढ़ने वाले चिराग की होशियारी का उनके शिक्षक भी दम भरते हैं।

चिराग सामान्य परिवार से आते हैं। पिता की आमदनी इतनी नहीं है कि उन्हें कॉरपोरेट स्कूल में पढ़ा सकें। लिहाजा सरकारी स्कूल में चिराग मन लगाकर पढ़ते हैं। अपनी प्रतिभा से चिराग ने इस मिथक को भी तोड़ा है कि सरकारी स्कूलों से काबिल बच्चे नहीं निकलते हैं।

चिराग के हमउम्र बच्चे जहां 20-30 का पहाड़ा याद करते ही हांफने लगते हैं। वहीं चिराग ने 20 करोड़ तक का पहाड़ा कंठस्थ कर लिया है।

बड़ा होकर चिराग वैज्ञानिक बनना चाहते हैं। उनकी इच्छा है कि वे शोध करें और देश की तरक्की में अहम योगदान दें। इनके रोल मॉडल दिवंगत पूर्व राष्ट्रपति एपीजे अब्दुल कलाम हैं।

चिराग ने पूर्व राष्ट्रपति अब्दुल कलाम के बारे में पढ़ा तो वे उनसे प्रभावित हुए बिना नहीं रह सके। जब उन्हें पता चला कि अब्दुल कलाम भी गरीब परिवार से ताल्लुक रखते हुए, देश के सर्वोच्च पद पर पहुंचे। तो उन्होंने जमकर मेहनत करने की ठानी। चिराग की इच्छा है कि वे भी देश के लिए ऐसा कुछ करें। जिसे हमारे देश का नाम रौशन हो।

चिराग को उनकी प्रतिभा की बदौलत कई ईनाम मिले हैं। यहां तक कि उनकी चर्चा सीएम योगी तक भी पहुंच चुका है। चिराग की इच्छा है कि देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और सीएम आदित्यनाथ योगी उनके गांव आएं।

वहीं चिराग को लेकर परिवार वालों की बड़ी आशाएं हैं। चिराग ने साबित किया है कि संसाधनों की कमी प्रतिभा के आड़े आ नहीं सकती।