नई दिल्ली : GST को लेकर बीजेपी की फजीहत खुद उसके नेता करने में जुटे हैं। नोटबंदी और GST जैसे फैसलों के लिये बाध्य ठहराते हुए एक तरफ जहां पू्र्व केंद्रीय वित्तमंत्री यशवंत सिन्हा वित्तमंत्री अरूण जेटली को हटाने की मांग कर रहे हैं, वहीं पार्टी के हर निर्णय पर उंगली उठाने वाले सांसद शत्रुघ्न सिन्हा ने यह ट्वीट कर भाजपा की मुसीबतें बढ़ा दी है कि 'यदि नोटबंदी से देश के लोग खुश हुए होते, तो जश्न सरकार नहीं बल्की लोग मना रहे होते।'

शत्रुघ्न सिन्हा ने पीएम मोदी, अरुण जेटली और स्मृति इरानी पर निशाना साधते हुए कहा कि इस बार के गुजरात चुनाव भाजपा के लिये सबसे बड़ी चुनौती साबित होने जा रहे हैं।

ये भी पढ़े :

नैतिक आधार खो चुकी है BJP, जयंत के साथ जय शाह की भी जांच होनी चाहिए : यशवंत सिंहा

GST काउंसिल की बैठक में फैसला: रोजमर्रा की 177 वस्तुएं हुईं सस्ती

लालू ने की घोषणा, अगले चुनाव में तेजस्वी होंगे सीएम के दावेदार

आपको बता दें कि मोदी सरकार ने नोटबंदी की पहली बरसी को एंटी ब्लैकमनी डे के रूप में मनाया था, जबकि विपक्ष ने काला दिवस बताया था। यशवंत सिन्हा और शत्रुघ्न सिन्हा के तेवर पार्टी के खिलाफ दिनों-दिन तेज होते जा रहे हैं और भाजाप के अन्य नेता सवालों का सटीक जवाब तक नहीं दे पा रहे हैं।

इससे पहले अमित शाह के बेटे जय शाह पर लगे आरोपों पर भी ये नेता पार्टी लाइन से अलग बयान देते रहे हैं। फिलहाल अब देखने वाली बात यह होगी कि शत्रुघ्न सिन्हा के इस नए बयान पर बीजेपी की ओर से क्या प्रतिक्रिया आती है। लेकिन इतना तो तय है कि जहां गुजरात चुनाव में कांग्रेस लगातार जीएसटी को लेकर मोदी सरकार घेर रही है ऐेसे में इन नेताओं के बयानों ने विपक्ष को बैठे-बैठे एक मुद्दा दे दिया है।