लखनऊ : केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने यहां रविवार को कहा कि अगले पांच वर्षो में भारत की अर्थव्यवस्था दुनिया के शीर्ष तीन देशों में शामिल होगी। शाह ने इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में ब्रेकिंग सेरेमनी-2 समारोह का शुभारंभ किया। उन्होंने कहा कि इस आयोजन से 65 हजार करोड़ रुपये की 250 से अधिक निवेश परियोजनाएं आने वाले दिनों में धरातल पर उतरेंगी।

केंद्रीय गृहमंत्री ने कहा, "प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 2014 से 2019 के बीच पांच अरब डॉलर की अर्थव्यवस्था की नींव रखी। देश की अर्थव्यवस्था को 11वें से पांचवें स्थान पर लेकर आए हैं। मैं वादा करता हूं कि हम देश को 5 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनाएंगे। आने वाले पांच सालों भारत की अर्थव्यवस्था दुनिया के शीर्ष तीन देशों के बराबर होगी।"

शाह ने कहा, "प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा है कि इस पर कई लोग इस पर टीका टिप्पणी करते रहे। मैं आज कहना चाहता हूं कि देश की अर्थव्यवस्था को पांच ट्रिलियन डॉलर पर ले जाने की बुनियाद हमारी सरकार डाल चुकी है।"

उन्होंने कहा, "मैं गुजरात से आता हूं और देश में सबसे सफल इन्वेस्टर समिट की शुरुआत गुजरात ने की, लेकिन यूपी को जानता हूं। इतनी जल्दी इस सफल आयोजन को जमीन पर उतारने में योगी जी सफल हुए हैं। पांच साल की कार्ययोजना की गारंटी मैं दे सकता हूं कि इन्फ्रास्ट्रक्च र में यूपी नंबर वन राज्य बनेगा।"

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शाह ने कहा कि प्रधानमंत्री की उपस्थिति में हुए प्रथम इन्वेस्टर्स समिट के पांच माह के अंदर लगभग 81 इकाइयों का शिलान्यास व 7 हजार करोड़ का इन्वेस्टमेंट हुआ और आज लगभग 250 परियोजनाओं का शिलान्यास व 65 हजार करोड़ रुपये इन्वेस्टमेंट की शुरुआत इस कार्यकम से होने जा रही है।

उन्होंने कहा, "मैं 16 साल की उम्र से सुनता आया था देश के प्रधानमंत्री होने का रास्ता लखनऊ होकर जाता है। अटलजी भी यहीं से प्रधानमंत्री बने और मोदीजी भी यूपी के वाराणसी से बने। आज कहता हूं कि 5 ट्रिलियन डॉलर इकोनॉमी का रास्ता भी यूपी से होकर जाता है।"

अमित शाह ने कहा कि 15000 साल के इतिहास की भूमि उत्तर प्रदेश के पर्यटन में असीम संभावनाएं हैं। निवेशकों की बाधा बन चुके अपराध दो साल के कार्यकाल में समाप्त करने का काम प्रदेश की सरकार ने किया है। प्रदेश में 40 मेडिकल कॉलेज खोलना तय हुआ था, 17 की नींव पड़ गई है।

उन्होंने कहा, "फरवरी, 2018 में जब 4 लाख 68 हजार करोड़ निवेश के लगभग 1000 से ज्यादा एमओयू हुए, मुझे बहुत खुशी हुई कि उत्तर प्रदेश के अंदर एक नई शुरुआत हुई है और अब देश के सबसे बड़े प्रदेश के अंदर आर्थिक गतिविधियां बढ़ेंगी। इतने कम समय में 25 प्रतिशत से ज्यादा एमओयू को जमीन पर उतारने के लिए मैं राज्य के मुख्यमंत्री और उनकी समग्र टीम को हृदय से बहुत-बहुत बधाई और शुभकामनाएं देता हूं। उत्तर प्रदेश देश का सर्वोत्तम प्रदेश बन सकता है, ये आत्मविश्वास मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेशवासियों में जगाया।"

उन्होंने कहा कि योगी आदित्यनाथ ने 14 जिलों में वाणिज्यिक न्यायालय बनाने का निर्णय किया है। प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के कानूनों का सरलीकरण, सिविल एविएशन, आईटी डेरी पर्यटन में काम किया। 2022 के चुनाव से पहले देश में नंबर एक राज्य बनाने का काम इस क्षेत्र में योगी आदित्यनाथ करेंगे। प्रदेश सरकार ने इलेक्ट्रिक व्हीकल पर फोकस करने का काम किया है। यूपी के लॉ एंड ऑर्डर को बहुत अच्छा करने का काम सबसे अहम है। योगी आदित्यनाथ ने दो साल के अंदर ही उप्र की कानून व्यवस्था में जमीन आसमान का अंतर लाने का काम किया है।

शाह ने कहा, "2013 में मुझे उप्र से जुड़ने का सौभाग्य मिला। भाजपा का चुनाव प्रभारी बनकर आया था। यूपी की स्थिति देखकर मन में बहुत पीड़ा होती थी। पुरानी सरकारों में प्रशासन राजनेताओं को खुश करने में प्रशासन लगा रहता था, राजनीतिकरण हुआ। आज जनता की सेवा करने का काम प्रशासन द्वारा योगी सरकार ने किया है। यूपी के अंदर सुधार आना भी सुनिश्चित है आने वाले समय में चमत्कारिक बदलाव आपको यूपी में दिखेगा। उदास नहीं होना पड़ेगा।"

गृहमंत्री ने कहा कि सबसे ज्यादा क्षमता वाला प्रदेश बिखरा पड़ा था, 2014 में देश में सरकार बनाने का मौका दिया। इसक बाद जब योगी जी को मुख्यमंत्री बनाया तो ढेर सारे फोन आए। योगी जी मंत्री नहीं, रहे म्युनिसिपालिटी नहीं चलाई। पीठाधीश्वर हैं, उनको काम दे रहे हो लेकिन जिसमें अंदर निष्ठा हैं वो सबकुछ अनूकूल कर लेगा। वह निर्णय उचित था।

उन्होंने कहा कि पांच साल में अंतर्राष्ट्रीय रोड का इतना बड़ा जाल शायद ही कहीं देखने को मिले। चाहे जलमार्ग का निर्माण हो, बिजली पहुंचानी हो, रोड का जाल बनाने का काम किया। प्रदेश सरकार ने जिलों में डेयरी बनाने का काम किया। इसी तरह सरकार की एक जिला एक उत्पाद योजन बेहद अहम है।

भाजपा अध्यक्ष ने कहा, "हमने अपने संकल्प पत्र में इसे रखा था। मुझे सन्तोष है कि एक ही साल के कार्यकाल में योगी आदित्यनाथ की सरकार ने इस दिशा में अच्छा काम किया।"

शाह ने कहा कि योगी सरकार के साथ भारत सरकार भी प्रदेश के विकास के लिए कटिबद्ध है। आज आयकर भरने वालों की संख्या 3 करोड़ 80 लाख लोगों से बढ़कर 6 करोड़ 70 लाख हो गई। जीएसटी को सुचारु बनाया गया और सफल तरीके से लागू किया गया।। आर्थिक विकास के लिए अड़चनें दूर करनी जरूरी हैं और इसलिए इज ऑफ डूइंड बिजनेस पर जोर दिया गया।

शाह ने कहा कि उद्योगों से लेकर हर नागरिक तक बिजली पहुंचाना सरकार सुनिश्चित कर रही है। पांच साल में देश में कई बड़े परिवर्तन हुए। उत्तर प्रदेश को 13वें वित्त आयोग में 3 लाख 20 हजार करोड़ दिए गए। मोदी सरकार में 14वें वित्त आयोग में 8 लाख 80 हजार 612 करोड़ रुपये उप्र को दिए गए।

गृहमंत्री ने कहा, "अटलजी की सरकार जब गई तब देश का अर्थतंत्र 11वें स्थान पर था, यूपीए की सरकार में टस से मस नहीं हुआ ये नंबर। फिर मोदी सरकार बनी तो 11वें स्थान से 6 स्थान पर छलांग लगाने का काम किया। एग्रीकल्चर ग्रोथ रेट बढाने का काम किया। सबसे कठिन काम एग्रीकल्चर ग्रोथ रेट बढ़ाने का होता है। आज आयकर भरने वालों की संख्या 3 करोड़ 80 लाख लोगों से बढ़कर 6 करोड़ 70 लाख हो गई।"

उन्होंन कहा, "हमें मालूम है कि दुनिया ने बहुत आगे कदम बढ़ाए हैं। हमारे देश के कार्यकलापों में सुधार की जरूरत थी। इज ऑफ ड्यूइंग बिजनेस की प्रतिस्पर्धा में 142 से 77 नंबर पर हम पहुंचे हैं। डिस्ट्रीब्यूशन नेटवर्क में हम आगे आएं हैं।"

शाह ने कहा, "प्रधानमंत्री ने विपक्ष को लेकर कहा था कि उन्होंने सरकार चलाने के लिए सरकार चलाई और हम देश को बदलने के लिए सरकार चलाएंगे। मेरे नेता नरेंद्र मोदी खुली आंख से स्वप्न देखते हैं। जब तक स्वप्न धरातल पर न उतर जाए, उन्हें नींद नहीं आती है।"