बिहार के 12 जिलों में अब तक 123 की मौत, कई जिलों तक नहीं पहुंच पाये मुख्यमंत्री और मंत्री

बिहार में बाढ़ का कहर - Sakshi Samachar

पटना : बिहार के 12 जिलों में बाढ़ की स्थिति भयावह बनी हुई है। कोसी और सीमांचल क्षेत्र में लगातार हो रही बारिश से स्थिति और भी विकराल हो सकती है। केंद्रीय जल आयोग से प्राप्त जानकारी के मुताबिक बिहार की कई नदियां बूढी गंडक, बागमती, अधवारा समूह, कमला बलान, कोसी, महानंदा और परमान नदी विभिन्न स्थानों पर खतरे के निशान से ऊपर बह रही है।

भारत मौसम विभाग के अनुसार बिहार की सभी नदियों के जलग्रहण क्षेत्रों में हल्की से साधारण बारिश की संभावना जतायी गयी है।

खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं नदियां

पूर्वी चम्पारण, सीतामढ़ी, मधुबनी और दरभंगा जिले में बाढ़ से लाखों लोग बुरी तरह प्रभावित हैं। दूसरी ओर कोसी-सीमांचल की नदियों के जलस्तर में उतार-चढ़ाव जारी है और कई नदियां खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं। जो नदियां खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं उनमें बूढ़ी गंडक सममस्तीपुर में खतरे के निशान से 66 सेमी और रोसड़ा में 145 सेमी ऊपर हैं।

वहीं, बागमती भी उफान पर है। सीतामढ़ी के ढेंग में यह खतरे के निशान से 40 सेमी और रुन्नी सैदपुर में 113 सेमी ऊपर बह रही है। बागमती नदी बेनीबाद में 20 सेमी, हायाघाट में 56 सेमी खतरे के निशान से ऊपरहै। जबकि अधवारा समूह एकमीघाट में 82 सेमी खतरे के निशान से ऊपर है।

कमला बलान नदी जयनगर में खतरे के निशान से 19 सेमी और झंझारपुर में सात सेमी ऊपर बह रही है। कोशी खगड़िया के बलतारा में खतरे के निशान से 106 सेमी ऊपर बह रही है। महानंदा धेनगरा घाट में खतरे के निशान से 71 सेमी और झाबा में 50 सेमी खतरे के निशान से ऊपर है।

बाढ़ से मौत

बिहार में आयी बाढ से अब तक 123 लोगों की मौत हो चुकी है जबकि 81 लाख 57 हजार 700 आबादी प्रभावित हुई है। आपदा प्रबंधन विभाग ने बुधवार को बताया कि बिहार के 12 जिलों शिवहर, सीतामढी, मुजफ्फरपुर, पूर्वी चंपारण, मधुबनी, दरभंगा, सहरसा, सुपौल, किशनगंज, अररिया, पूर्णिया एवं कटिहार में बाढ़ से अब तक 123 लोगों की मौत हुई है जबकि 81 लाख 57 हजार 700 लोग प्रभावित हुए हैं।

इसे भी पढ़ें :

जरा घूमकर देखिए नीतीश जी अपने बिहार का हाल, 77 लाख लोग देख रहे हैं आपकी राह

बिहार के मधुबनी में गिरे रहस्यमय पत्थर को संग्रहालय में रखा जाएगा

बाढ़ के बाद प्लायन करते लोग

बिहार में बाढ से मरने वाले 123 लोगों में सीतामढी के 37, मधुबनी के 30, अररिया के 12, शिवहर एवं दरभंगा के 10—10, पूर्णिया के 9, किशनगंज के 5, मुजफ्फरपुर के 4, सुपौल के 3, पूर्वी चंपारण के 2 और सहरसा का एक व्यक्ति शामिल है।

राहत शिविर में सीएम नीतीश कुमार 

राहत शिविर और एनडीआरएफ की टीम

बिहार के बाढ प्रभावित इन 12 जिलों में कुल 42 राहत शिविर चलाए जा रहे हैं जहां 22400 लोग शरण लिए हुए हैं जिनके भोजन की व्यवस्था के लिए 835 सामुदायिक रसोई चलाए जा रहे हैं।

बाढ़ प्रभावित इलाके में राहत एवं बचाव कार्य के लिये एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की कुल 26 टीम और 796 मानव बल को लगाया गया है तथा 125 मोटरबोट का इस्तेमाल किया जा रहा है।

Advertisement
Back to Top