दुनिया में आज-कल सभी तरह के प्रोडक्ट्स के लिए सोशल मीडिया सबसे बड़ा प्लाटफार्म बन गई है। पहले तो सोशल मीडिया पर कुछ चुनिंदा सामन बिकते दिखते थे, लेकिन अब तो कार की बुकिंग और सेलिंग भी सोशल मीडिया के जरिए होती है।


इन मनुष्य की खोपड़ियों की खरीददारी मुख्य रूप से वैज्ञानिक परीक्षण और डॉक्टी पढ़ाई के लिए बताई जा रही है। आपको बता दें कि ब्रिटेन में इंसानी शरीर की हड्‍डियों और खोपड़ियों की बिक्री पर किसी तरह की कोई रोक नहीं है। यहां तो इंसानी खोपड़ियों को बेचने के लिए हैशटैग आदि का इस्तेमाल भी होता है।

सोशल मीडिया पर खोपड़ियों के कारोबार का जिक्र करें, तो खरीददार और विक्रेता के बीच व्यक्तिगत मैसेजिंग के जरिए होती है। दोनों के बीच हुई डील में शिपिंग और पैकेजिंग चार्ज तक शामिल होते हैं।

एक अंग्रेजी खबर में प्रकाशित खबर के मुताबिक पापुलर सोशल मीडिया प्लाटफार्म इंस्टाग्राम पर एक ऐसा एकाउंट है, जहां मनुष्य की खोपड़ियां बेची जाती हैं और इन इंसानी खोपड़ियां खरीदने वालों की तादाद भी काफी बताई जाती है।

इसे भी पढ़ें :

झारखंड में फिर मॉब लिंचिंग, 4 लोगों की पीट-पीटकर हत्या

स्टॉकहॉम यूनिवर्सिटी की प्रकाशित रिपोर्ट के अनुसार 46,000 पाउंड के लगभग का यूके में यह बिजनेस है, जो साल दर साल बढ़ भी रहा है। एक अन्य स्वतंत्र रिसर्चर का दावा है कि असल आंकड़ा इससे भी अधिक है। ज्यादातर हड्डियों-खोपडिय़ों आदि की खरीदारी रिसर्च, मेडिकल साइंस आदि के लिए की जाती है। जीव विज्ञान और मानव शरीर के अध्येता भी इनकी खरीदारी करते हैं।