नई दिल्ली : लालू यादव के द्वारा चलाई गई गरीब रथ ट्रेन काफी चर्चा में थी और माना जा रहा था कि कम पैसे में लोग एसी ट्रेन में यात्रा कर लिया करेंगे। पर अब मोदी सरकार ने गरीब रथ ट्रेनों को बंद कराने का फैसला लिया है। धीरे-धीरे इस पर कार्यवाही भी शुरू हो गई है।

गरीबों को सस्ते दर पर लग्जरी यात्रा कराने का ख्वाब लालू प्रसाद यादव ने 2006 में अपने बजट के दौरान देखा था और गरीब और कम आय वाले यात्री भी एसी ट्रेन में यात्रा कर लिया करते थे। मौजूदा सरकार का मानना है कि अब सरकार इन ट्रेनों के कोचों की मरम्मत और रखरखाव करने में असमर्थ है, क्योंकि गरीब रथ के नए कोच बनना बंद हो गए हैं। इसलिए धीरे-धीरे करके इन ट्रेनों को बंद कर दिया जाएगा।

आपको बता दें कि रेलवे ने काठगोदाम जम्मू और काठगोदाम कानपुर के बीच चलने वाली गरीब रथ ट्रेन को बंद करके मेल एक्सप्रेस ट्रेन शुरू की है। गरीब रथ ट्रेन बंद होने से अब लोगों को एसी में यात्रा करने के लिए ज्यादा पैसे चुकाने पड़ेंगे । एक उदाहरण के तौर पर बताया गया कि दिल्ली से बांद्रा तक की यात्रा गरीब रथ से आम आदमी ₹1020 में कर लिया करता था जबकि उसी यात्रा के लिए अब 1500-1600 चुकाना पड़ेगा।

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रेलवे के सूत्रों का मानना है कि गरीब रथ ट्रेन के कोच बनने बंद हो गए हैं । इसलिए जो भी रेल के डिब्बे हैं वह 10 से 14 साल के पुराने हैं । ऐसे इन पुराने डिब्बों का रखरखाव रेलवे के लिए बड़ा सिरदर्द बनता जा रहा है। इसीलिए देखे करके धीरे-धीरे 26 जोड़ी गरीब रथ ट्रेनों को बंद करने की ओर कदम बढ़ाया जा रहा है।