बुलंदशहर हिंसाः 83 रिटायर्ड ब्यूरोक्रेट्स ने CM योगी के खिलाफ खोला मोर्चा, मांगा इस्तीफा

सीएम योगी आदित्यनाथ व दिवंगत इंस्पेक्टर सुबोध कुमार - Sakshi Samachar

लखनऊ: उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर में उपद्रवी भीड़ द्वारा इंस्पेक्टर सुबोध कुमार सिंह समेत 2 लोगों की हत्या के मामले में जांच की दिशा मोड़ने से नाराज 83 रिटायर्ड ब्यूरोक्रेट्स ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पर आरोप लगाते हुए उनके इस्तीफे की मांग की है। बता दें कि पूर्व अधिकारियों ने खुला खत लिखकर सीएम योगी के इस्तीफे की मांग की है।

बता दें कि ये सभी अधिकारी 4 से 5 साल पहले रिटायर हो चुके हैं। रिटायर अफसरों का आरोप है कि राज्य की योगी सरकार जानबूझकर बुलंदशहर हिंसा में इंस्पेक्टर सुबोध सिंह की हत्या की जांच के बजाय इसे गोकशी के आरोपियों की तरफ मोड़ने की कोशिश कर रहे हैं।

रिटायर अफसरों का आरोप है कि योगी सरकार हिंसा फैलाने वाले आरोपियों को पकड़ने की बजाय गोकशी के आरोपियों को पकड़ने में लगी हुई है। जबकि हिंसा के नामजद आरोपियों को अभी तक गिरफ्तार नहीं किया गया है।

रिटायर अफसरों का आरोप है कि राज्य सरकार और खुद मुख्यमंत्री योगी ने इसे सांप्रदायिक एजेंडे के तहत फैलाई गई हिंसा माना था और इस बारे में काफी विस्तार से चर्चा हुई थी। बावजूद इसके अब सारा फोकस गोकशी और इसके आरोपियों की तरफ शिफ्ट हो गया है। इस वजह से घटना की ठीक तरह से जांच नहीं हो पा रही है।

यह है पूरा मामला

बीते 3 दिसंबर को बुलंदशहर में गोकशी के आरोप के बाद हिंसा भड़क गई थी। इस हिंसा में स्याना इंस्पेक्टर सुबोध कुमार सहित एक अन्य युवक की मौत हो गई थी। इस घटना के आरोप में पुलिस ने 27 लोगों के खिलाफ नामजद और 60 अज्ञात लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया था। पुलिस अब तक 20 आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है।

इसे भी पढ़ेंः

कर्जमाफी के बाद भूपेश बघेल ने शुरू किए तबादले, कई अफसरों पर गिरी गाज

मंगलवार को वायरल विडियो के आधार पर भगवानपुर निवासी सचिन उर्फ कोबरा तथा चिंगरावठी निवासी जॉनी को भी गिरफ्तार कर लिया गया। हिंसा का मुख्य आरोपी और बजरंग दल का नेता योगेश राज अभी भी पुलिस की गिरफ्त से बाहर चल रहा है।

Advertisement
Back to Top