पटना : बिहार का बाहुबली नेता और मोकामा विधायक अनंत सिंह गिरफ्तारी के डर से घर छोड़कर फरार है। देर रात पुलिस ने जब अनंत सिंह के सरकारी आवास पर छापेमारी की तो वह पिछले दरवाजे से फरार हो गया। बताया जा रहा है कि घर वालों ने करीब 30 मिनट तक दरवाजा ही नहीं खोला।

पुलिस जैसे ही विधायक के सरकारी आवास पर पहुंची वह पिछले दरवाजे से फरार हो गया। अनंत सिंह गिरफ्तारी के डर से फिलहाल फरार है। पुलिस उसकी तलाश में जगह-जगह छापेमारी कर रही है। अनंत सिंह की अगर इस बार गिरफ़्तारी होती है तो मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के कार्यकाल में यह तीसरी बार होगा जब वह जेल जाएगा।

बताया जा रहा है कि पुलिस टीम के उसके घर पहुंचने से पहले ही उसे किसी ने इस बात की सूचना दे दी थी। माना जा रहा है कि पुलिस महकमे में उसके करीबी सारी सूचना अनंत सिंह तक पहुंचा रहे हैं।

अनंत सिंह के घर पुलिस छापेमारी के दौरान हथियार बरामद किए गए हैं।
अनंत सिंह के घर पुलिस छापेमारी के दौरान हथियार बरामद किए गए हैं।

बता दें बाहूबली विधायक अनंत सिंह के घर से एक एके-47 राइफल और ग्रेनेड की बरामदगी होने पर पुलिस ने उसके खिलाफ आतंकवाद निरोधी कानून ‘गैरकानूनी गतिविधियां (निरोधक) अधिनियम' (यूएपीए) के तहत प्राथमिकी दर्ज की है।

पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) कांतेश कुमार मिश्र ने शनिवार को बताया कि गुप्त सूचना के आधार पर पटना जिला के बाढ़ अनुमंडल के लदमा गांव स्थित सिंह के पैतृक आवास पर पुलिस ने छापेमारी कर एक एके-47 राइफल, एक मैगजीन, कुछ कारतूस और दो ग्रेनेड बरामद किए हैं।

उन्होंने बताया कि आधुनिक हथियार बरामद होने के मद्देनजर अनंत सिंह के खिलाफ यूएपीए के तहत प्राथमिकी दर्ज की गयी है। यह पूछे जाने पर कि क्या निर्दलीय विधायक अनंत सिंह को गिरफ्तार किया जाएगा, कांतेश कुमार मिश्र ने कहा कि फिलहाल मामले की जांच की जा रही है और साक्ष्य के अनुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।

यह भी पढ़ें :

बाहुबली अनंत सिंह का कथित ऑडियो वायरल, सुनिए विधायक की जुबानी गुंडई

बाहुबली MLA अनंत सिंह के घर से मिला AK 47 राइफल और 2 बम, छापेमारी जारी

इस मामले में शनिवार को अनंत सिंह ने सफाई देते हुए कहा था कि मुंगेर से जदयू सांसद ललन सिंह की साजिश है। अनंत सिंह ने अपनी पुत्री लेसी सिंह पर भी दुर्भावना से ग्रसित होकर उनके खिलाफ कार्रवाई करने और अपने घर पर उन्हें फंसाने के लिए हथियार एवं अन्य अग्नेयास्त्र रखे जाने का आरोप लगाते हुए दावा किया कि वे पिछले 14 साल से उक्त मकान में नहीं रह रहे हैं।

अनंत सिंह का राजनीतिक सफर

अनंत सिंह ने अपने राजनीतिक सफर की शुरूआत 2005 में जदयू उम्मीदवार के तौर पर बाहूबली नेता सूरजभान सिंह के खिलाफ की थी। इससे पहले अनंत सिंह के बड़े भाई दिलीप सिंह ने मोकामा विधानसभा का प्रतिनिधित्व किया था। वह राबड़ी देवी सरकार में मंत्री थे। जदयू से निष्कासित कर दिए जाने पर अनंत सिंह ने 2015 में निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में मोकामा विधानसभा सीट से चुनाव लड़ा था और विजयी रहे थे।