मुंबई। कर्नाटक विधानसभा अध्यक्ष के आर रमेश कुमार ने बृहस्पतिवार को कहा कि वह सत्तारूढ़ गठबंधन के बागी विधायकों के इस्तीफे के ‘स्वैच्छिक और वास्तविक' होने की जांच करेंगे। उन्होंने बागी विधायकों से मुलाकात के बाद कहा कि कर्नाटक विधानसभा नियम के अनुसार इस्तीफे को ‘सही प्रारूप' में होना चाहिए।

कुमार ने कहा, ‘‘ दुर्भाग्यवश, पिछले सप्ताह मेरे कार्यालय में जो 13 पत्र आए थे, उनमें से आठ सही प्रारूप में नहीं थे।'' उन्होंने इस बात पर भी जोर दिया कि वह न तो मौजूदा राजनीतिकि स्थिति के लिए जिम्मेदार हैं और न ही इसके परिणाम के लिए जिम्मेदार हैं।

कुमार ने कहा, ‘‘ विधायकों ने अब अपना इस्तीफा सही प्रारूप में सौंपा है ...मुझे इसकी जांच करनी होगी कि यह स्वैच्छिक और वास्तविक है या नहीं।'' उन्होंने कहा कि वह पहले भी विधायकों को इसकी जानकारी दे चुके हैं कि अगर वह अपना इस्तीफा सौंपना ही चाहते हैं तो उन्हें दोबारा तय प्रारूप में अपना इस्तीफा सौंपना चाहिए।

बागी विधायक कड़ी सुरक्षा के बीच भागते हुए स्पीकर के पास पहुंचे। बागी विधायक बी बसावराज, रमेश जारकिहोली, शिवराम हेब्बर, बीसी पाटिल, सोमशेकर, नारायण गौड़ा, गोपाल, विश्वनाथ, महेश कुमताहल्ली और प्रताप पाटिल समेत 11 बागी विधायक स्पीकर के चैंबर में विधानसभा स्पीकर से मुलाकात की।वहीं, विधानसभा में सुरक्षा के जबरदस्त इंतजाम किए गए थे।

कर्नाटक विधानसभा से इस्तीफा देने वाले यह बागी विधायक उच्चतम न्यायालय के निर्देशों का पालन करते हुए विधानसभा अध्यक्ष से मिलने बेंगलुरू पहुंचे हैं।

इस्तीफा देने के बाद जो विधायक मुंबई के एक होटल में टिके हुए थे उनमें शिवराम हेब्बर, प्रताप गौड़ा पाटील, बी. सी. पाटील, बैराती बसवराज, एस. टी. सोमशेखर, रमेश झारकिहोली, गोपालैया, एच. विश्वनाथ, नारायण गौड़ा और महेश कुमुतली शामिल हैं।

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बागी विधायक पिछले तीन दिनों से होटल में कड़ी सुरक्षा के बीच रह रहे थे। उन्हें मनाने के लिए कर्नाटक के मंत्री डी. के. शिवकुमार व अन्य नेता होटल में दाखिल होने की कोशिश कर रहे थे, मगर उन्हें पुलिस द्वारा हिरासत में ले लिया गया था।

पुलिस ने यह कार्रवाई बागी विधायकों की ओर से मुंबई पुलिस आयुक्त संजय बर्वे को लिखे पत्र के बाद की गई थी जिसमें विधायकों ने उन्हें सुरक्षा प्रदान करने की अपील की थी।

बाद में शिवकुमार व अन्य को कर्नाटक भेज दिया गया था और पुलिस ने होटल परिसर में निषेधात्मक आदेश लागू कर दिए थे।