मुजफ्फरपुर : बिहार के मुजफ्फरपुर में एक्यूट इंसेफलाइटिस सिंड्रोम (एईएस) ‘चमकी बुखार’ से अब तक 90 से ज्यादा बच्चों की मौत हो चुकी है। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉ हर्षवर्धन रविवार को बिहार दौरे पर रहे और हालात का जायजा लिया, लेकिन इस दौरान एक ऐसी तस्वीर सामने आई, जिसने विपक्ष को एक मौका दिया है जिसके जरिए सरकार को घेरा जा सके।

दरअसल, स्वास्थ्य मंत्री डॉ हर्षवर्धन ने रविवार को मुजफ्फरपुर के सरकारी श्रीकृष्ण मेडिकल कॉलेज व अस्पताल (एसकेएमसीएच) का दौरा किया। इसके बाद वह पत्रकारों से बात कर रहे थे। इस दौरान उनके बगल स्वास्थ्य राज्य मंत्री और बिहार भाजपा के नेता अश्विनी चौबे बैठे हुए थे। जिन पर प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान सोने का आरोप लग रहा है।

आरजेडी ने एक तस्वीर साझा करते हुए प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान अश्विनी चौबे पर सोने का आरोप लगाया। आरजेडी ने ट्वीट किया, ‘200 बच्चों की जान जाने के बाद केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री की प्रेस कॉन्फ्रेंस हो रही है। केंद्रीय स्वास्थ्य राज्य मंत्री अश्विनी चौबे उसी प्रेस कॉन्फ्रेंस में सो रहे हैं। बिहार सरकार के मंत्री भी जम्हाई ले रहे। जाने इनकी मानवीय संवेदना कहां मर गई? सीएम तो गहरी निद्रा में है ही?’

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पत्रकारों से बात करते हुए केंद्रीय मंत्री हर्षवर्धन ने कहा कि बीमारी के प्रकोप को नियंत्रित करने के लिए चिकित्सा क्षेत्र की सभी शाखाओं को मिलकर काम करना चाहिए। उन्होंने कहा, "हमें अंतर्राष्ट्रीय संगठनों के साथ मिलकर काम करना चाहिए।" उन्होंने कहा कि प्रभावित क्षेत्रों के सभी बच्चों का टीकाकरण किया जाना चाहिए और लोगों को बीमारी के बारे में जागरूक किया जाना चाहिए।