लखनऊ : सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी (सुभासपा) अध्यक्ष ओमप्रकाश राजभर से योगी सरकार ने अपना नाता तोड़ लिया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राजभर को पद से बर्खास्त करने के लिए राज्यपाल राम नाईक से सिफारिश की है जिसे उन्होंने स्वीकार कर लिया है।

मुख्यमंत्री कार्यालय ने अपने आधिकारिक ट्विटर अकाउंट पर लिखा, "योगी आदित्यनाथ ने महामहिम राज्यपाल से पिछड़ा वर्ग कल्याण और दिव्यांग जन कल्याण मंत्री ओमप्रकाश राजभर को मंत्रिमंडल से तत्काल प्रभाव से बर्खास्त करने की सिफारिश की है।"

राज्यपाल ने उनकी सिफारिश को स्वीकार कर लिया है। ओमप्रकाश राजभर की पार्टी के अन्य सदस्य जो विभिन्न निगमों और परिषदों में अध्यक्ष व सदस्य हैं, उन सबको भी तत्काल प्रभाव से हटा दिया गया है।

ओमप्रकाश राजभर ने भी इस पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि वे मुख्यमंत्री के फैसले का स्वागत करते हैं। गरीबों के साथ अन्याय हो रहा है।

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लोकसभा चुनाव खत्म होते ही अब भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) और सुभासपा का नाता पूरी तरह से खत्म हो गया। गौरतलब है कि ओम प्रकाश राजभर और भाजपा के बीच कई मुद्दों को लेकर मतभेद चल रहे थे।