कोलकाता: पश्चिम बंगाल में राजनीतिक हिंसा के बाद अब टीएमसी और बीजेपी के बीच करारा वार शुरू हो गया है। इसी सिलसिले में बुधवार को ममता बनर्जी ने बीजेपी पर निशाना साधते हुए चुनाव आयोग और सुप्रीम कोर्ट तक को अपने लपेटे में ले लिया। चुनाव प्रचार में कटौती के चुनाव आयोग के फैसले की ममता ने निंदा की। साथ ही कहा कि ये फैसला वास्तव में मोदी और अमित शाह का है। ममता बनर्जी ने लोगों से भावुक अपील की कि वे बीजेपी को एक भी वोट न दें।

चुनाव आयोग और सर्वोच्च न्यायालय जैसी संस्थाओं पर टिप्पणी को लेकर बीजेपी ने ममता बनर्जी की कड़ी आलोचना की है। चुनाव में आरोप प्रत्यारोपों के इस दौड़ में कीचड़ उछालने की जुगत में संवैधानिक संस्थाओं को भी नहीं बख्शा जा रहा है।

एक बार फिर ममता बनर्जी ने आरोप लगाया कि कोलकाता में हिंसा भगवाधारी गुंडों की तरफ से की गई थी। वहीं ममता बनर्जी से सियासी रस्साकशी में खुद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी कूद पड़े हैं। मोदी ने कहा, "पश्चिम बंगाल में 'डेमोक्रेसी' (लोकतंत्र) 'गुंडाक्रेसी' में तब्दील हो गयी है।"

मोदी ने आरोप लगाया कि बनर्जी ने राज्य में एक आपातकाल की स्थिति उत्पन्न कर दी है और उनकी सरकार सब कुछ नष्ट करने पर तुली हुई है। उन्होंने उत्तर 24 परगना जिले में भारत...बांग्लादेश सीमा पर स्थित ताकी और दक्षिण 24 परगना जिले में चुनावी रैलियों को संबोधित करते हुए कहा कि केवल लोगों का दृढ़ विश्वास और साहस इस "अत्याचारी शासन'' को हटाएगा।

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मोदी ने कहा कि राज्य में लोगों का 'मूड' देखते हुए बुआ..भतीजा सरकार के दिन गिने चुने बचे हैं और भाजपा राज्य की 42 लोकसभा सीटों में से अधिकतर सीटें जीतेगी। प्रधानमंत्री का इशारा बनर्जी और उनके भतीजे अभिषेक बनर्जी की ओर था जिन्हें तृणमूल कांग्रेस में नम्बर दो माना जाता है और जो डायमंड हार्बर लोकसभा सीट से फिर सांसद बनने की जुगत में हैं। उन्होंने कहा, "सभी की यह भावना है कि राज्य में चुनाव 'इमर्जेंसी' के बाद हो रहे हैं। आपने (बनर्जी) राज्य में एक आपातकाल की स्थिति बना दी है। आपकी लड़ाई भाजपा से नहीं बल्कि पश्चिम बंगाल के लोगों के खिलाफ है।'' उन्होंने कहा कि लोग यह निर्णय करेंगे कि पश्चिम बंगाल में लोकतंत्र की रक्षा करने की जरूरत है या नहीं। "पश्चिम बंगाल में 'डेमोक्रेसी' (लोकतंत्र) 'गुंडाक्रेसी' में तब्दील हो गयी है।''

उन्होंने कहा कि पश्चिम बंगाल के लोगों ने बनर्जी को राज्य का मुख्यमंत्री बनाकर उन्हें सम्मान दिया। "लेकिन की उनकी भूख ने राज्य में लोकतंत्र का गला घोंट दिया। दीदी को सत्ता में नहीं रहने देना चाहिए।'' मोदी ने कहा कि पूरे देश ने (टीवी पर) देखा कि किस तरह से भाजपा अध्यक्ष अमित शाह के रोडशो पर तृणमूल कांग्रेस के गुंडों ने हमला किया। देश पश्चिम बंगाल में चुनाव परिणाम को उत्सुकता से देख रहा है। मोदी ने दावा किया कि कोलकाता में शाह के रोडशो पर तब हमला किया गया जब बनर्जी ने इस बात पर जोर दिया कि तृणमूल कांग्रेस भाजपा से बदला लेगी। उन्होंने कहा, "दीदी (ममता) के गुंडे बंदूक और बम लिये विनाश पर उतारू हैं...उनकी सरकार राज्य में सब कुछ नष्ट करने पर तुली हुई है। लोगों का दृढ़ विश्वास और साहस इस "अत्याचारी शासन'' को हटाएगा।'' उन्होंने कहा, ‘‘दीदी पश्चिम बंगाल में भाजपा की बढ़त से भयभीत हैं..2019 में दीदी का प्रभाव खत्म हो जाएगा। वह जिस तरह की हिंसा कर रही है उससे भाजपा को राज्य में 42 में से अधिकतर सीटें जीतने में मदद मिलेगी और इससे पार्टी को लोकसभा चुनाव में 300 सीटों का आंकड़ा पार करने में मिलेगी।

मोदी ने दावा करते हुए कहा कि बंगाल के लोगों ने बनर्जी के ‘‘निरंकुश शासन'' को समाप्त करने का मन बना लिया है। उन्होंने कहा कि भाजपा के आने पर घुसपैठियों की पहचान की जाएगी और शरणार्थियों को संरक्षण दिया जाएगा और नागरिक बनाया जाएगा। मोदी ने बनर्जी पर हमला बोलते हुए कहा, ‘‘आपने चिटफंड घोटाले में जनता का पैसा लूटा और जब उन्होंने आपसे स्पष्टीकरण मांगा तो उन्हें बुरा भला कहा।'' उन्होंने बनर्जी पर राज्य की ‘भद्र लोक' की संस्कृति नष्ट करने का आरोप लगाया। मोदी ने कहा कि बंगाल संत श्री रामकृष्ण, स्वामी विवेकानंद और नेताजी जैसे महापुरुषों की धरती है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा नेताओं को रैलियां नहीं करने दी जा रही और उसके उम्मीदवारों पर हमले किये जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि ममता बनर्जी को देश के प्रधानमंत्री में विश्वास नहीं है। उन्होंने कहा, "उन्हें सर्जिकल स्ट्राइक या हवाई हमलों में विश्वास करने में परेशानी है। उन्हें पाकिस्तान के प्रधानमंत्री पर अधिक विश्वास है। क्या यह लोकतंत्र है?''