रामपुर। अपने विवादित बयान को लेकर चुनाव आयोग की तरफ से बैन झेलने के बाद आजम खान ने एक पब्लिक मीटिंग को संबोधित किया। इस दौरान आरोप लगाते हुए कहा कि प्रशासन उनके परिचितों और समर्थकों पर भारी पड़ रहा है। इस दौरान वे बेहद ही भावुक हो गए और उनकी आंखो में आंसु आ गए।

आजम खान ने कहा कि ‘’मेरे साथ ऐसा व्यवहार किया जा रहा है मानो मैं एक राष्ट्र-विरोधी या गद्दार हूं। वे मेरे साथ ऐसा व्यवहार कर रहे हैं मानो मैं ही इस दुनिया में सबसे बड़ा आतंकवादी हूं।’’ रैली के दौरान खान ने कहा कि अगर उनके प्रशासन के पास यह शक्ति प्रशासन ने आज़म खान पर गोली चलाकर मार दिया होता। उन्होंने कहा कि चुनाव से ठीक पहले इलेक्शन कमीशन द्वारा तीन दिन का बैन लगाकर साबित क्या करना चाहते है। प्रतिबंध के दौरान मैं कहीं नहीं जा सकता, मैं किसी से भी नहीं मिल सकता और न ही रैलियों में भाग ले सकता हूं।

खान ने यह भी आरोप लगाया कि रामपुर को छावनी में तब्दील कर दिया गया है, यह कैसा लोकतंत्र है, रामपुर में प्रशासन ने आतंक का शासन फैला दिया है। खान ने कहा कि जो लोग मुझसे प्यार करते हैं और मेरा झंडा ले जाते हैं उनके घरों के ताले तोड़ दिए गए और उनके परिवारों की महिलाओं के साथ दुर्व्यवहार किया गया।

आजम ने दिया था जयाप्रदा पर विवादित बयान

15 अप्रैल को खान ने एक चुनावी रैली को संबोधित करते हुए, एक्ट्रेस से नेत्री बनी जया प्रदा को लेकर रामपुर में अपमानजनक टिप्पणी की थी। उन्होंने कहा था कि '' मैं उसे (जया प्रदा) रामपुर ले आया। आप गवाह हैं कि मैंने किसी को उसके शरीर को छूने की अनुमति नहीं दी। उसके असली चेहरे की पहचान करने में आपको 17 साल लग गए लेकिन मुझे 17 दिनों में पता चला कि वह खाकी अंडरवियर पहनती है। अपनी टिप्पणी के मद्देनजर, खान को चुनाव आयोग द्वारा अगले तीन दिनों के लिए प्रचार करने से प्रतिबंधित कर दिया गया था। 16 अप्रैल से ही उन पर चुनाव आयोग द्वारा बैन लगा हुआ था। उन्हें राष्ट्रीय महिला आयोग (NCW) द्वारा नोटिस भी दिया गया था।

बता दें कि रामपुर लोकसभा सीट पर 23 अप्रैल को तीसरे चरण के मतदान में होना है। मतों की गिनती 23.2 मई को होगी