कोलकाताः पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने बुधवार को कुछ राजनीतिक पार्टियों व देश में संवैधानिक पदों पर बैठे लोगों पर समाज में अफवाह व नफरत फैलाने का आरोप लगाया और इसे 'शर्मनाक राजनीति' करार दिया।

उन्होंने बिना किसी राजनीतिक संगठन का नाम लिए ट्विटर पर लिखा, "राजनीतिक पार्टियों/समूहों का एक वर्ग व संवैधानिक पदों पर आसीन लोग खतरनाक बयानों से अफवाह व नफरत फैलाने में लिप्त हैं। यहां तक कि पत्रकारों को भी नहीं बख्शा गया। यह शर्मनाक राजनीति है। हम किस तरह की दूषित राजनीति पर उतर आए हैं।"

ममता बनर्जी की यह टिप्पणी उनके द्वारा नरेंद्र मोदी सरकार पर पुलवामा आतंकवादी हमले का 'राजनीतिकरण' करने का आरोप लगाने व संभावित हमले को लेकर खुफिया अलर्ट के बावजूद एहतियाती कदम उठाने में 'विफल' रहने को लेकर सरकार को हटाने की मांग की दो दिन बाद आई है।

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तृणमूल कांग्रेस सुप्रीमो व बंगाल के शिक्षा मंत्री पार्थ चटर्जी सहित उनकी पार्टी के वरिष्ठ नेताओं का दावा है कि राष्ट्रीय स्वंयसेवक संघ (आरएसएस) व भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) राज्य में सांप्रदायिक हिंसा भड़काने के लिए पुलवामा घटना का इस्तेमाल कर रहे हैं।