नई दिल्ली : दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा कि आलोक वर्मा को केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) निदेशक पद से इसलिए हटाया गया क्योंकि वह फ्रांस से राफेल विमान सौदा मामले की जांच करने जा रहे थे। केजरीवाल ने एक बयान में कहा, "अगर प्रधानमंत्री ने कोई गलती नहीं की है तो राफेल की जांच चलने देने में क्या समस्या थी।"

उन्होंने कहा, "अगर जांच होती तो सबकुछ बिल्कुल साफ हो जाता। डर किस बात की थी? इस तरह की शक्ति का इस्तेमाल करके किसी को जबरदस्ती उनके पद से हटाना देश के लिए अच्छा नहीं है। इससे पूरी व्यवस्था चरमरा जाएगी।"

केजरीवाल ने बताया कि नरेंद्र मोदी ने पिछले चार साल के दौरान किस प्रकार सीबीआई और दिल्ली पुलिस को उनके और उनकी सरकार के खिलाफ अनेक बार लगाया।

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उन्होंने कहा, "मुझे छापेमारी और जांच के घेरे में लाया गया। यही नहीं, मोदी सरकार ने अवैध तरीके से दिल्ली सरकार की 400 से अधिक फाइलें जब्त कर लीं। इन छापों से मैं बिल्कुल भयभीत नहीं हुआ और मैं जबकि एक भी पैसे के किसी गलत काम में संलिप्त नहीं था, फिर भी उन्होंने मुझे फंसाने की पूरी कोशिश की।"

-आईएएनएस