कोलंबो : भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ईस्टर के दिन हुए आत्मघाती हमले में मरने वालों को श्रद्धांजलि देते हुए कहा कि 'आतंकवादियों की कायरतापूर्ण हरकतें श्रीलंका के जोश व जज्बे (स्पिरिट) को नहीं हरा सकतीं।"

प्रधानमंत्री ने अपने श्रीलंका के एक दिवसीय दौरे की शुरुआत पर ट्वीट किया, "मुझे विश्वास है कि श्रीलंका फिर से ऊपर उठेगा। आतंकवादियों की कायरतापूर्ण हरकतें श्रीलंका के जोश व जज्बे को नहीं हरा सकतीं। भारत श्रीलंका के लोगों के साथ एकजुटता से खड़ा है।"

मालदीव से श्रीलंका आए मोदी ने अपनी यात्रा की शुरुआत सेंट एंटोनी चर्च से की। ईस्टर के दिन इस चर्च पर भी आतंकवादियों ने हमला किया था। मोदी ने लिखा, "मृतकों के परिवारों और घायलों के साथ मेरी गहरी सहानुभूति है।"

आत्मघाती हमलावर एक श्रीलंकाई इस्लामवादी समूह से थे, जिन्होंने तीन चर्च, तीन लक्जरी होटलों के साथ ही अन्य दो जगहों पर खुद को 21 अप्रैल के दिन विस्फोटक से उड़ा लिया था। इस घटना में 250 से अधिक लोग मारे गए और कई घायल हो गए थे।

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने रविवार को श्रीलंका के राष्ट्रपति मैत्रीपाला सिरिसेना से मुलाकात कर पारस्परिक हित के द्विपक्षीय मुद्दों पर की चर्चा की। द्वीप देश में अप्रैल में ईस्टर के दिन हुए बड़े आतंकवादी हमले के बाद श्रीलंका की यात्रा करने वाले मोदी पहले विदेशी नेता हैं।

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इन हमलों में 250 से ज्यादा लोग मारे गए थे। हमलों के मद्देनजर मोदी की इस यात्रा को श्रीलंका के साथ एकजुटता से खड़े रहने के भारत के संकेत के रूप में माना जा रहा है।

विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रवीश कुमार ने ट्वीट किया, ‘‘प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और श्रीलंका के राष्ट्रपति मैत्रीपाला सिरिसेना ने पारस्परिक हित के द्विपक्षीय मुद्दों पर चर्चा की। सिरिसेना ने प्रधानमंत्री के सम्मान में भोज का आयोजन किया।''

इससे पहले श्रीलंका के राष्ट्रपति भवन में मोदी का भव्य स्वागत हुआ। इस दौरान श्रीलंका के राष्ट्रपति सिरिसेना खुद को और प्रधानमंत्री मोदी को बारिश से बचाने के लिए छाता पकड़े हुए थे।

पीएम मोदी ने रविवार को श्रीलंका के राष्ट्रपति मैत्रीपाला सिरिसेना के आवास राष्ट्रपति भवन परिसर में सदाबहार अशोक का पौधा लगाया। बतौर प्रधानमंत्री दूसरी बार शपथ लेने के बाद पहली विदेश यात्रा के दूसरे चरण में रविवार को श्रीलंका पहुंचे मोदी ‘पड़ोसी प्रथम' की अपनी नीति पर चलते नजर आ रहे हैं।

सिरिसेना ने राष्ट्रपति सचिवालय में मोदी का स्वागत किया। प्रधानमंत्री ने यहीं पर अशोक का पौधा लगाया। पौधे के पास एक पट्टिका भी रखी गई है, जिस पर लिखा है ‘अशोक सरका अशोक', प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कोलंबो में नौ जून, 2019 को रोपा। राष्ट्रपति सिरिसेना ने अपने कैबिनेट सहयोगियों का भी परिचय प्रधानमंत्री मोदी से कराया। इससे पहले राष्ट्रपति भवन में प्रधानमंत्री मोदी का भव्य स्वागत किया गया।