हैदराबाद : नव वर्ष की स्वागत के लिए लोग जोर व शोर से तैयारियां कर रहे है। आने वाले नए साल का जश्न मनाने के साथ-साथ हर कोई कचछ ना कुछ संकल्प जरूर लेते हैं। हर बार की तरह इस साल केवल खुद से वादे करें नहीं बल्कि उन्हें निभाएं भी। नए साल का पहला दिन है। ये वो मौका है कि दृढ़ संकल्प से यह प्रण करें कि इस साल कुछ नया करना है। इस बार यानि नए साल के मौके पर आप अपनी कुछ आदतें छोड़ने का संकल्प करें और इस पर अमल भी करें।

इस नए साल पर लें ये संकल्प......

परिवार को न करें नजरअंदाज-

आधुनिक जीवनशैली में अधिकतर लोग काम के चक्कर में अपने परिवार को समय देना भूल जाते हैं। परिवार के साथ बिताया गया समय सबसे बेहतरीन होता है। इसलिए कितने भी बिजी हो, परिवार के लिए टाइम निकालने का वादा करिए।

आंखों का ख्याल करें:

गैजेट और मोबाइल के नशे के जमाने में यही सबसे बड़ा संकल्प होगा। आप पूरी तरह से मोबाइल और ऐप से दूर ना हों लेकिन इस पर खर्च होने वाले समय में कटौती जरूर की जा सकती है। हम आजकल ज्यादातर समय स्क्रीन से ही चिपके रहते हैं। अगर आप लगातार डेस्क पर काम करते हैं तो छोटे-छोटे ब्रेक लीजिए।

किसी भी चीज को आंखों से 20 फीट की दूरी पर रखकर 20 सेकेंड के लिए देखिए। ज्यादातर समय स्क्रीन पर बिताने से ड्राई आई, हेडेक, धुंधला विजन जैसी समस्याएं भी हो सकती हैं।

चाय-कॉफी की लत छोड़ें :

अगर आप कॉफी-चाय पीने के बहुत शौकीन हैं तो इस बार इस आदत को बदल डालिए क्योंकि ये आपकी सेहत के लिए बहुत खतरनाक साबित हो सकता है। सबसे ज्यादा यह आपकी नींद पर बुरा असर डालता है। चाय-कॉफी की जगह जूस या हर्बल टी पीने की आदत डालिए।

स्मोकिंग को ना कहें :

ये शायद आपके लिए सबसे मुश्किल हो लेकिन स्मोकिंग छोड़ना आपके लिए वाकई बहुत फायदेमंद होगा। भले ही आप इसे स्ट्रेस बस्टर मानते हों लेकिन यह कैंसर की वजह है। अपनी लाइफ को जानबूझकर मुश्किल बनाने की क्या जरूरत है। स्मोकिंग एकदम से मत छोड़िए। पहले सिगरेट कम करिए और फिर धीरे-धीरे बंद कर दीजिए।

नाश्ता कभी न छोड़ें :

जी, हां, ब्रेकफास्ट सबसे जरूरी चीज है। इससे दिन भर आपकी एनर्जी बनी रहेगी। चाहे कॉर्नफ्लेक्स हो या 1-2 पराठा, टोस्ट या फिर उबले अंडे, फल और नट्स.. किसी के भी साथ दिन की शुरुआत कर सकते हैं। नाश्ते के लिए एक दिन पहले से तैयारी करके रख लें।

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इसके अलवा पिछले साल को गौर से देखें। क्या रह गया जो शुरुआत में सोचा था। अधूरे रह गए लक्ष्यों को इस साल हर हाल में पूरा करने की दृढ़ता पैदा करें। सुविधाओं को एक तरफ रख कर बार-बार आड़े आ रही समस्याओं पर चिंतन करें। इस तरफ सोचें कि इस साल इनसे कैसे उभरना है, और हर हाल में उभरना है।

ये सोच कर दुखी न हों कि पिछले साल कुछ नहीं कर सके। ऐसा सोचें कि हो सकता है उस अधूरे लक्ष्य को पाने के लिए इस साल अच्छा मौका हाथ लग जाए। मौके की तलाश करें। तारीखें अपने आप बदल जाएंगी जब 24 घंटे का सफर सुइयां तय कर लेंगी। हर घड़ी कुछ नया पैदा कर सकते हैं।

वर्तमान में जिएं और इसका भरपूर आनंद लें। अपनी समीक्षा खुद करें। प्रशंसा को भी उतना ही महसूस करें जितने खुद में हो। यादें संजोएं और साल बदलने से पहले अपने ख्याल बदलें।