बिग बॉस ने हाउसमेट्स को डाबर वेस्ट टास्क में प्रोटेक्टर अटैकर नामक पर दो टीम बनाई गई। इस टास्क में न्याय निर्णेता बने वरुण संदेश। टास्क में प्रोटेक्टर टीम जीत गई।

इस टीम के सदस्य थे श्रीमुखी, अली वहीं अटैकर टीम के सदस्य थे रवि, आशु को बातें सुनाने पर वे काफी हर्ट हुए। इसके बाद बिग बॉस में फन्नी अवॉर्ड देने का कार्यक्रम हुआ। हर कंटेस्टेंट को उसके व्यवहार को देखते हुए अवॉर्ड दिया गया।

इस सप्ताह आशु ने खुद को नॉमिनेट किया और यह बात किसी को नहीं बताई इसलिए उसे बाबा भास्कर ने प्रेशर कुकर अवॉर्ड में दिया।

बाबा भास्कर ने कहा कि सबसे बड़ा रोग यही है कि हम सोचते हैं कि सब हमारे बारे में अच्छा ही बोलें। सुबह से शाम तक घर में बोलते रहने की वजह से श्रीमुखी को लाउड स्पीकर का अवॉर्ड दिया गया।

टास्क में भाग न लेने की वजह से पुनर्नवी को अंपायर का अवॉर्ड दिया गया। नागार्जुन ने पुनर्नवी से कहा कि वह बात-बात पर गुस्सा हो जाती है, चिढ़ जाती है, इसलिए उसे गुस्सा कम करना चाहिए।

वहीं पुनर्नवी ने कहा कि वह इस बात पर ध्यान देगी और अपना गुस्सा कम करने की पूरी कोशिश करेगी वहीं टास्क में भी भाग लेंगी। तभी नागार्जुन ने व्यंग्य करते हुए उससे कहा कि बातें तो बहुत करती हो कभी उन बातों पर अमल भी कर लिया करो।

दूसरी ओर नागार्जुन ने कहा कि राहुल श्रीमुखी के बारे में पीठ पीछे बातें किया करता है, यह ठीक नहीं है और उसे यह आदत छोड़ देनी चाहिए।

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आशु को माचिस का अवॉर्ड मिला तो महेश को आईना, वितिका को प्याज, शिव ज्योति को बांसुरी मिली, अली को कैंची, रोहिणी को अनानस आदि अवॉर्ड के रूप में मिले।

फिर नागार्जुन ने घोषणा की कि शिवज्योति व वरुण संदेश सेफ है। वहीं बाबा भास्कर, रवि कृष्णा, रोहिणी को एलिमिनेशन में रखा गया। इसके बाद वही हुआ जो सबने सोचा था।

जी हां, रोहिणी एलिमिनेट हो गई। कहा जा रहा है कि रोहिणी की फैन फॉलोइंग कम हो गई थी, घर में वह किसी से कोई वास्ता ही नहीं रख रही थी, दर्शकों का झुकाव भी उसकी तरफ कम था इसीलिए वह एलिमिनेट हो गई।

वहीं शिवज्योति ने कहा कि रोहिणी के नॉमिनेट होने का कारण वही है और यह कहकर वह फफक-फफककर रो पड़ी। इस तरह देखा जाए रविवार को बिग बॉस के घर में काफी कुछ मनोरंजक रहा।

वहीं घर से बाहर आकर रोहिणी ने सारे हाउसमेट्स को अंक दिये। अली को उसने सौ में से सौ दिये तो बाबा भास्कर को सौ में से हजार अंक दिये। महेश, श्रीमुखी को पचास अंक दिये। रोहिणी ने बताया कि श्रीमुखी बाहर तो सबसे मिलकर रहती हैं।

बिग बॉस के घर में वह सिर्फ टास्क के बारे में ही सोचती है। महेश झगड़े बढ़ाने का काम करता है, उन्हें सुलझाने के बारे में नहीं सोचता। रविकृष्णा को उसने 95 अंक दिये, आशु को 99 अंक दिये।

देखा जाए तो बेकार में ही नॉमिनेट होकर बाहर हो गई रोहिणी।रोहिणी चौथे सप्ताह में घर से बाहर हुई है। अब देखना यह है कि बिग बॉस के घर से पांचवें सप्ताह में कौन एलिमिनेट होता है। तो जानने के लिए देखते रहिये बिग बॉस 3।