नई दिल्ली: उत्तर प्रदेश के नये मुख्यमंत्री के रूप में मनोज सिन्हा के नाम की चर्चा जोरों पर है। अब तक आधिकारिक रूप से इस बात की घोषणा नहीं हुई है। कुछ दिनों से इसी बात को लेकर भारतीय जनता पार्टी के अंदर माथापच्ची चल रही है। अब खबर आयी है कि मनोज सिन्हा के नाम पर आम सहमति बन गई है। ये जानकारी पार्टी के विश्वसनीय सूत्रों से मिली है।

मनोज सिन्हा के नाम को प्रधानमंत्री ने भी हरी झंडी दिखायी है। मिल रही जानकारी के मुताबिक मनोज सिन्हा के नाम का औपचारिक ऐलान शनिवार को किया जाएगा। शनिवार को लखनऊ में भाजपा विधायक दल की बैठक होने वाली है। जिसमें मनोज सिन्हा के नाम पर आधिकारिक मुहर लगा दी जाएगी। यह भी खबर है कि 19 मार्च को प्रधानमंत्री मोदी की मौजूदगी में उत्तर प्रदेश की नई सरकार शपथ लेगी।

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मनोज सिन्हा के नाम पर बनी आम सहमति की जानकारी संघ को भी दे दी गई है। दूसरी ओर प्रदेश अध्यक्ष केशव प्रसाद मौर्य ने एक रिपोर्ट राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह को सौंप दी है।

RSS के रहे करीबी

मनोज सिन्हा केंद्र सरकार में रेल राज्य मंत्री और गाजीपुर से सांसद हैं। पेशे से वो एक सिविल इंजिनियर भी हैं। सिन्हा आईआईटी बीएचयू के छात्र रहे हैं। बीएचयू में छात्र नेता के तौर पर वे काफी सक्रिय थे।

मनोज सिन्हा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भाजपा अध्यक्ष अमित शाह के करीबी माने जाते हैं। पीएम मोदी और मनोज सिन्हा के बीच आरएसएस के दिनों से ही अच्छे संबंध हैं। जब मोदी प्रचारक थे तब मनोज सिन्हा के गांव आते थे। प्रधानमंत्री मोदी जब गुजरात के मुख्यमंत्री थे तब भी वो मनोज सिन्हा का चुनाव प्रचार करने गाजीपुर जाया करते थे।