नई दिल्ली : मानवाधिकार संरक्षण के लिहाज से 10 दिसम्बर के दिन का खास महत्व है। इस दिन को ‘अंतरराष्ट्रीय मानवाधिकार दिवस' के तौर पर मनाया जाता है। मानवाधिकार का अर्थ किसी भी इंसान को जिंदगी, आजादी, बराबरी और सम्मान का अधिकार। आज का दिन इसी को समर्पित है।

संयुक्त राष्ट्र ने 1950 में दस दिसम्बर को मानवाधिकार दिवस घोषित किया था जिसका उद्देश्य विश्वभर के लोगों को मानवाधिकारों के महत्व के प्रति जागरूक करना और इसके पालन के प्रति सजग रहने का संदेश देना है।

भारत में 28 सितंबर, 1993 से मानवाधिकार कानून लागु किया और12 अक्‍टूबर 1993 में सरकार ने राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग का गठन किया।

दस दिसंबर की तारीख में दर्ज कुछ अन्य महत्वपूर्ण घटनाओं का सिलसिलेवार ब्यौरा इस प्रकार है:-

1878 : जामिया मिलिया इस्लामिया के संस्थापकों में से एक मोहम्मद अली जौहर का रामपुर में जन्म।

1878 : चक्रवर्ती राजगोपालाचारी का जन्म।

1896 : नोबेल पुरस्कार के संस्थापक अल्‍फ्रेड बर्नहार्ड नोबेल का निधन। 1898 : पेरिस संधि के बाद स्पेन-अमेरिका युद्ध समाप्त हुआ।

1902 : तस्मानिया में महिलाओं को मत देने का अधिकार मिला।

1950 : अंतरराष्ट्रीय मानवाधिकार दिवस घोषित किया गया।

1992 : गुजरात में देश की पहली होवरक्राफ्ट सेवा की शुरूआत।

2001 : दिग्गज अभिनेता अशोक कुमार का निधन।

2007 : क्रिस्टीना फर्नांडीज डी किर्चनेर अर्जेंटीना की पहली महिला राष्ट्रपति बनीं।

2016 : तुर्की के इस्तांबुल में एक फुटबॉल स्टेडियम के पास दो धमाकों में 38 लोगों की मौत।