जैसाकि हम सब जानते हैं भगवान भोलेनाथ का प्रिय महीना सावन शुरू हो चुका है और भक्तजन उनकी पूजा करने के साथ ही उनके जयकारे भी लगा रहे हैं। वैसे तो भगवान शिव की पूजा भक्त हर सोमवार को करते हैं पर सावन में शिव पूजा का विशेष फल प्राप्त होते हैं।

महादेव वैसे तो देवों के देव है और सिर्फ नाम लेने भर से प्रसन्न हो जाते हैं फिर भी सावन में पूरे विधि-विधान के साथ भोले की पूजा करते हैं। उनका नाम जपते हैं, स्तुति करते हैं पर कभी-कभी न चाहते हुए भी या फिर अनजाने में उनसे ऐसी गलतियां भी हो जाती है जिससे भगवान शंकर नाराज भी हो सकते हैं।

तो भक्तों को जानना चाहिए कि भगवान शिव की पूजा में क्या करना चाहिए और क्या नहीं। साथ ही भक्तों को सावधानियों पर भी ध्यान देना चाहिए ताकि उन्हें पूजा का फल भी मिल सके और भगवान की कृपा भी।

भगवान शिव
भगवान शिव

आइये यहां जानते हैं कि शिव पूजा में क्या कुछ नहीं करना चाहिए ...

- सबसे पहले तो शिव भक्तों को हरी पत्तेदार सब्जियों का इस महीने त्याग कर देना चाहिए क्योंकि सावन में हरी सब्जियों में पित्त बढ़ाने वाले तत्व की मात्रा बढ़ जाती है। इसके अलावा सावन के महीने में कीट-पतंगों की संख्या बढ़ जाती है जो सेहत के लिए हानिकारक होते हैं।

- भक्तजन पूजा करते समय बहुत सी गलतियां कर देते हैं जिनमें हल्दी चढ़ाना भी शामिल है। तो भक्तों को यह ध्यान रखना चाहिए कि शिवलिंग पुरुष तत्व से संबंधित है इसलिए कभी भी शिवलिंग पर हल्दी नहीं चढ़ानी चाहिए।

- भक्तों को सावन के महीने में सात्विक भोजन ही करना चाहिए। इसमें मांस, मदिरा, प्याज और लहसुन के सेवन से बचना चाहिए। तभी भगवान शिव की पूजा का फल प्राप्त होगा अन्यथा नहीं।

भगवान शिव की पूजा 
भगवान शिव की पूजा 

- शास्त्रों में तो यह भी कहा जाता है कि सावन के महीने में दूध नहीं पीना चाहिए। इसलिए तो सावन में शिव जी का दूध से अभिषेक किया जाता है। विज्ञान की मानें तो इन दिनों दूध पित्त बढ़ाने का काम करता है। तो भक्तजन भगवान शिव को दूध चढ़ा तो सकते हैं पर पीने से बचेंगे तो ही ठीक होगा।

इसे भी पढ़ें :

श्रावण 2019 :  तो इसलिए महादेव का किया जाता है जलाभिषेक, ये है इससे जुड़ी कथा

- वहीं सावन में बैंगन खाना भी अच्छा नहीं माना जाता है। तो शिव पूजा करने वाले भक्तों को तो खास तौर से बैंगन से परहेज करना चाहिए। वैज्ञानिक नजरिए से देखें तो सावन में बैंगन में कीड़े लग जाते हैं। ऐसे में बैंगन का स्वास्थ्य पर बुरा प्रभाव भी पड़ सकता है। तो धार्मिक हो या वैज्ञानिक दोनों ही कारण आपको इस महीने बैंगन से दूर रहने को ही कहते हैं।

- साथ ही भक्तजनों को पूजा के साथ-साथ इस महीने यह भी ध्यान रखना चाहिए कि वे किसी का अपमान न करे, किसी को बुरा न बोले, नाराज न करे, किसी का मन न दुखाए। अगर आप ये सब करेंगे तो भी आपको पूजा का फल नहीं मिलेगा।

- सावन के इस पावन महीने में अगर आपरे घर के दरवाजे पर सांड या गाय आ जाए तो उसे मार कर भगाएं नहीं बल्कि कुछ खाने के लिए जरूर दें। सांड को मारना शिवजी की सवारी नंदी का अपमान करने के समान ही होता है। इसलिए इस बात पर ध्यान दें।

तो इन गलतियों को न करके सावधानी बरतकर आप भगवान शिव की पूजा का विशेष फल प्राप्त कर सकते हैं।