हैदराबाद : छात्र संगठक के नेताओं ने चेतावनी दी है कि यदि दिशा मामले के आरोपियों को तुरंत फांसी नहीं दी गई तो हम जेल की दीवारों को तोड़कर उन्हें जान से मार डालेंगे। छात्र संगठन के नेतृत्व में चर्लापल्ली स्थित प्रो जयशंकर प्रतिमा के पास से चर्लापल्ली जेल तक रैली निकाली गई। इसके बाद छात्रों ने दिशा के आरोपियों को सजा देने की मांग करते हुए जेल के सामने धरन दिया।

इस अवसर पर छात्र संगठन के नेता प्रेम कुमार ने कहा कि दिशा के साथ बलात्कार और हत्या की घटना होकर सात दिन बीत गये हैं। मगर यह खेद की बात है कि अब तक आरोपियों के खिलाफ जांच पड़ताल शुरू नहीं हुई है।

उन्होंने मांग की है कि केंद्र और राज्य सरकारें मिलकर जल्द ही इस मामले को लेकर दिशा कानून बनाये और आरोपियों को तुरंत कड़ी से कड़ी सजा दी जाए। प्रेम कुमार ने सुझाव दिया है कि खाड़ी देशों की तरह हमारे देश में भी कानून बनाये जाये।

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चेर्लापल्ली जेल
चेर्लापल्ली जेल

इसी क्रम में एक साथ बड़े पैमाने पर छात्रों के जेल के सामने आने से तनाव की स्थिति उत्पन्न हुई। इसकी जानकारी मिलते ही पुलिस बल जेल के पास पहुंची और स्थिति को नियंत्रित किया।

दूसरी ओर जेल विभाग के आईजी सैदय्या ने चर्लापल्ली जेल का दौरा किया। इस दौरान आईजी ने दिशा के आरोपियों को रख गये महानंदी बैरक का निरीक्षण किया। सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि दिशा के आरोपियों पर कड़ी नजर रखी जाये। जरूरत पड़े तो सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी कर दी जाये।

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दूसरी ओर जब ये चारों आरोपी जेल आये हैं तब से कोई भी रिश्तेदार उनसे मिलने नहीं आया है। जिन कपड़ों में ये आरोपी आयें थे, उनके पास वही मात्र कपड़े हैं। इसके चलते जेल अधिकारियों ने उन्हें पहनने के लिए कैदियों के कपड़े दिये हैं। तब जाकर ये चारों ने अपने कपड़े धो लिये।

जेल नियम के अनुसार विचाराधीन कैदियों को कैदी कपड़े नहीं दिया जाता। मगर उनके पास कपड़े नहीं होने के कारण जेल अधिकारियों ने कैदियों के कपड़े दिये हैं। इस समय इन चारों को सिंगल डबल सेल में रखा गया है। इनको एक दूसरे से भी नहीं मिलने दिया जा रहा है।