शाहजहांपुरः उत्तर प्रदेश में सरकारी महकमों में उच्च ओहदों पर बैठे अधिकारी किस तरह से अपने अधीन कर्मचारियों का शारीरिक और मानसिक शोषण करते हैं, इसका पता एक दर्दनाक घटना से चलता है। अधिकारी के उत्पीड़न से परेशान होकर कर्मचारी ने ट्रेन के आगे कूदकर अपनी जान दे दी।

मामला उत्तर प्रदेश सरकार के कृषि विभाग से जुड़ा है, जहां पर राम बहादुर नाम के एक कर्मचारी ने मंगलवार को ट्रेन के आगे कूद कर अपनी जान दे दी। मृतक राम बहादुर के बेटे ने अपने पिता की मौत के लिए शाहजहांपुर के उप कृषि निदेशक को जिम्मेदार ठहराया है।

मृतक के बेटे का आरोप है कि उप कृषि निदेशक मेरे पिता से दफ्तर के काम के अलावा अपने घर का काम भी करावाते थे, यहां तक कि वह उनसे अपने घर के कपड़े तक धुलवाते थे। उन्होंने कहा कि मेरे पिता इस बेइज्जती सहन नहीं कर सके, जिसके कारण उन्होंने ट्रेन के आगे कूदकर अपनी जान दे दी।

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आपको बता दें कि रामबहादुर का शव मंगलवार को रेलवे ट्रैक के पास से बरामद हुआ था। मृतक की हथेली पर लिखा था- 'साहब बहुत परेशान करते हैं।' राम बहादुर उप कृषि निदेशक का अर्दली था। उसके शव को पुलिस ने अपने कब्जे में ले पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।

मृतक के परिजनों का आरोप है कि पुलिस आरोपी के खिलाफ उचित कार्यवाई नहीं कर रही है। जिसके बाद आज उन्होंने शव को रोड पर रखकर जाम लगाया। परिजनों की मांग है कि उनके पिता की मौत के जिम्मेदार अधिकारी को तत्काल सजा दी जाए।