नई दिल्ली। 25 जून, 1983 को वनडे क्रिकेट में पहला बड़ा उलटफेर हुआ था। ऐतिहासिक लॉर्ड्स के मैदान पर आज ही के दिन भारत पहली बार क्रिकेट जगत का सिरमौर बना। इस मौके पर इस वर्ल्ड कप के हीरो रह चुके कपिल देव से जुड़ी कुछ खास बातें हम आपको बताने जा रहे है जिसे बहुत कम ही लोग जानते होंगे।

भारतीय टीम को पहला वर्ल्डकप जीताने वाले कप्तान कपिल देव को टीम से बाहर होना पड़ा। दरअसल इंग्लैंड केल खिलाफ टेस्ट सीरिज खेली जानी थी लेकिन कपिल टीम का हिस्सा नहीं बन पाए थे। इसके पीछे की वजह यह बताई जाती है कि कपिल और गावस्कर के बीच कुछ विवाद था जो इस फैसले के बाद ही सामने आया था। टीम इंडिया इंग्लैंड के खिलाफ टेस्ट सीरिज खेल रही थी। इस सीरिज में टीम को 2-1 हार का सामना करना पड़ा था। सीरिज का चौथा टेस्ट इडेन गार्डन में हुआ था। इससे पहले ही टीम को निकाल दिया गया। इसके पीछे सुनील का हाथ होने की बात सामने आई थी। उस दौरान टीम की कमान गावस्कर के हाथो में थी। दरअसल इससे पहले दिल्ली में कपिल ने कुछ ऐसा कर दिया था जिससे सेलेक्टर्स उनसे नाराज हो गए थे।

32 साल बाद हुआ था मामले का खुलासा

2016 में गावस्कर ने इस पूरे मामले का खुलासा किया था। गावस्कर ने एक इंटरव्यू के दौरान कहा था कि कोई भी कप्तान अपने बेस्ट खिलाड़ी को बाहर निकालने का काम नहीं कर सकता वो भी तब जब टीम हार रही हो। गावस्कर के मुताबिक दिल्ली टेस्ट के दौरान कपिल ने बेहद ही खराब बैटिंग कर आउट हो गए थे वो तब जब कोई टीम मैच बचाने की कोशिश में जुटी हुई है। उनको टीम से बाहर करने का फैसला सेलेक्टर्स ने लिया था। इंटरव्यू में गावस्कर की बात माने तो सेलेक्टर्स ना सिर्फ उन्हे बाहर निकालना चाहते थे बल्कि उनकी मैच फीस भी कटवाना चाहते थे।