हैदराबाद : बॉलीवु़ड में अपने एक्टिंग से अपनी अलग पहचान बनाने वाले दिलीप कुमार आज अपना 97वां जन्मदिन मना रहे हैं। 11 दिसंबर 1922 को पाकिस्तान के पेशावर में जन्मे दिलीप कुमार का असली नाम मोहम्मद यूसुफ खान था। यूसुफ खान से बदलकर दिलीप कुमार एक्ट्रेस देविका रानी ने रखा। दिलीप के पिता का नाम लाला गुलाम सरवर था, उन्होंने फल बेचकर परिवार का गुजारा किया।

दिलीप 12 बहन-भाई थे, इसलिए घर चलाने में कई दिक्कतों का सामना करना पड़ता था। बंटवारे के वक्त पूरा परिवार मुंबई आ गया। मुंबई आने के बाद दिलीप ने पुणे के एक आर्मी क्लब में सैंडविच स्टॉल पर नौकरी करनी शुरू कर दी। दिलीप की पहली सैलरी 36 रुपए थी। लेकिन जिंदगी में अपनी मेहनत के दम पर उन्होंने अपने आप को उस मुकाम पर पहुंचाया, जहां उनको किसी चीज की कमी नहीं है।

कहा जाता है कि 25 साल की उम्र में वे देश के नंबर वन अभिनेता के रूप में स्थापित हो गए थे। उन्होंने करियर की शुरुआत फिल्म ज्वार भाटा से की। यह फिल्म 1944 में बनी थी। दिलीप कुमार की पहली हिट फिल्म जुगनू थी, जो 1947 में रिलीज हुई थी। दीदार (1951) और देवदास (1955) जैसी फिल्मों में गंभीर भूमिकाओं के लिए मशहूर होने के कारण उन्हें ट्रेजडी किंग कहा जाने लगा।

उन्होंने मुगले—ए—आजम , 'राम और श्याम', 'क्रांति', 'विधाता', 'दुनिया', 'कर्मा', 'इज्जतदार', 'सौदागर', 'बाबुल', 'दीदार', 'आजाद' जैसी बेहतरीन फिल्मों में काम किया। इन बेहतरीन फिल्मों के कारण दिलीप कुमार लाखों युवा दर्शकों के दिलों की धड़कन बन गए थे। 1998 में बनी 'किला' उनकी आखिरी फिल्म थी। दिलीप कुमार ने अपने फ़िल्मी करियर में मात्र 54 फिल्में की हैं। इसके बाद भी आज तक दिलीप कुमार उन्हीं 54 फिल्मों के बल पर बॉलीवुड के सबसे बड़े स्टार में गिने जाते हैं।

दिलीप कुमार बॉलीवुड के ऐसे अभिनेता हैं जिन्होंने आजतक सबसे ज्यादा अवॉर्ड्स अपने नाम किए है। उनका नाम गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड में दर्ज है। उन्होंने कुल 8 बार फ़िल्मफेयर से सर्वश्रेष्ठ अभिनेता का पुरस्कार पा चुके हैं साथ ही 19 बार फ़िल्मफेयर नॉमिनेशन में आए जो अपने आप में यह एक ऐसा कीर्तिमान है जिसे अभी तक तोड़ा नहीं जा सका है। शाहरुख खान ने 8 फिल्मफेयर अवार्ड जीतकर उनकी बराबरी जरूर कर ली है।

इसके अलावा दिलीप कुमार को बेहतरीन अभिनय के लिए भारत सरकार ने उन्हें 1991 में पद्‍मभूषण की उपाधि से नवाजा और 1995 में फ़िल्म का सर्वोच्च राष्ट्रीय सम्मान 'दादा साहब फाल्के अवॉर्ड' भी प्रदान किया। पाकिस्तान सरकार ने भी उन्हें 1997 में 'निशान-ए-इम्तियाज' से नवाजा था। आपको बता दें कि दिलीप कुमार 2000 से 2006 तक राज्यसभा के सदस्य भी रह चुकेहैं।

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दिलीप कुमार की शादी अभिनेत्री सायरा बानो से 1966 मे हुई। विवाह के समय वे 44 वर्ष और एक्ट्रेस की 22 वर्ष की थीं। 1980 मे कुछ समय के लिए उन्होंने आसमां से दूसरी शादी भी की थी। लेकिन उनकी ये शादी ज्यादा दिनों तक चली नहीं । इसके अलावा दिलीप कुमार और मधुबाला की लव स्टोरी भी काफी चर्चाओं में रही, लेकिन उनके रिश्ते के लिए घरवाले रजामंद नहीं हुए, जिसके चलते दोनों का रिश्ता बिना मुकाम हासिल किए खत्म हो गया। कहा जाता है कि मधुबाला की दिलीप कुमार से इंगेजमेंट भी हो गई थी लेकिन किसी बात पर दिलीप और उनके पिता का विवाद हो गया और दोनों का ब्रेकअप हो गया।