अमरावती : करीब चार साल तक मोदी सरकार का दामन थामे रहने वाले टीडीपी प्रमुख व आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री नारा चंद्रबाबू नायडू अब उसी सरकार के प्रति अपना विरोध प्रकट करने की तैयारी कर रहे हैं।

इसी के तहत 11 फरवरी को एक दिवसीय दीक्षा (अनशन) करने के लिए बाबू सरकार आंध्र प्रदेश के अनंतपुर और श्रीकाकुलम से दो रेलगाड़ियों में राजनीतिक दलों, संगठनों, गैर-सरकारी संगठनों और संगठनों के नेताओं को राष्ट्रीय राजधानी ले जाएगी। राज्य सामान्य प्रशासन विभाग ने दक्षिण मध्य रेलवे से दोनों 20 डिब्बों वाली रेलगाड़ियों को किराए पर लेने के लिए 1.12 करोड़ रुपये जारी किए हैं।

विभाग द्वारा जारी आदेश के अनुसार, अनंतपुर और श्रीकाकुलम से रेलगाड़ियां राजनीतिक दलों, संगठनों, गैर-सरकारी संगठनों और संगठनों के नेताओं को राष्ट्रीय राजधानी ले जाएंगी, ताकि वे एक दिवसीय 'दीक्षा' (विरोध) में भाग ले सकें। दोनों रेलगाड़ियां रविवार सुबह 10 बजे तक नई दिल्ली पहुंच जाएंगी।

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यह विरोध प्रदर्शन आंध्र प्रदेश को विशेष दर्जा देने से इनकार करने और आंध्र प्रदेश पुनर्गठन अधिनियम, 2014 में किए गए अन्य वादों को पूरा करने में विफल रहने के खिलाफ है।

तेलुगू देशम पार्टी (तेदेपा) के अध्यक्ष नायडू ने विपक्षी दलों सहित सभी से अपील की है कि वे विरोध प्रदर्शन को सफल बनाएं। तेदेपा ने पिछले साल भाजपा की अगुवाई वाली राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) सरकार से समर्थन वापस ले लिया था।\