जग्गय्यापेट : वाईएसआर कांग्रेस पार्टी के प्रमुख वाईएस जगन मोहन रेड्डी की बहन वाईएस शर्मिला ने अपने चुनाव प्रचार के अंतिम दिन टीडीपी सुप्रीमो व आंध्र के मुख्यमंत्री नारा चंद्रबाबू नायडू पर तीखा प्रहार किया।

उन्होंने कहा कि चार साल तक भाजपा के साथ रह चुके चंद्रबाबू ने हरिकृष्णा की पार्थिव शरीर के बगल में बैठकर टीआरएस के साथ चुनावी गठबंधन की कोशिश की थी। उन्होंने बताया कि चंद्रबाबू वाईएसआर कांग्रेस पर कीचड़ उछालते हुए उसे बदनाम करने का प्रयास कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि वाईएसआरसीपी का किसी के साथ चुनावी गठबंधन नहीं है और उसे इसकी जरूरत भी नहीं है।

उन्होंने कहा कि शेर अकेला आता है और सभी सर्वे बता रहे हैं कि जगन मोहन रेड्डी अकेली ही बंपर बहुमत के साथ जीत रहे हैं। उन्होंने कहा कि शेर नहीं गीदड़ झुंड में आते हैं, इसिलिए चंद्रबाबू कांग्रेस, जन सेना, ममता बनर्जी, अरविंद केजरीवाल, देवे गौड़ा, फारुक अब्दुल्ला के साथ लेकर यहां पहुंच रहे हैं। उन्होंने कहा कि राज्य के लोग तय कर चुके हैं कि उनके अगले मुख्यमंत्री वाईएस जगन मोहन रेड्डी ही होंगे। उन्होंने कहा कि चंद्रबाबू और लोकेश मिलकर राज्य को लूट चुके हैं।

शर्मिला ने मंगलवार को कृष्णा जिले के जग्गय्यापेट में आयोजित एक चुनावी रैली क संबोधित करते हुए उन्होंने लोगों से विजयवाड़ा से वाईएसीपी के सांसद उम्मीदवार पोट्लूरी प्रसाद और जग्गय्यापेट के विधायक उम्मीदवार सामीनेनी उदयभानू को भारी बहुमत के साथ विजयी बनाने की अपील की। उन्होंने कहा कि वाईएस राजशेखर रेड्डी का परिवार केवल आश्वासन देना नहीं, बल्कि दिए हुए आश्वासनों को पूरा भी करता है।

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वाईएस शर्मिला ने कहा कि दिवंगत मुख्यमंत्री वाईएसआर के पांच साल के शासन में यहां का हर किसान परिवार खुश था और हर गरीब परिवार को एक तरह का विश्वास हुआ करता था। हर महिला को महसूस करती थी कि उसके साथ भी कोई खड़ा है। हर गरीब कार्पेरेट अस्पताल जाकर अपना इलाज कराने के लिए आरोग्यश्री योजना होती थी।

फोन करने पर 20 मिनट में 108 अपके दस्तक पर होती थी। हर एकड़ कृषि भूमि के लिए सिंचाई जल मुहैया कराने की कोशिश की गई। वाईएसआर चाहते थे कि हर गरीब को मकान मिले। वाईएसआर ने अपने पांच वर्षों के शासनकाल में न बिजली के दाम बढ़ाए और ना ही कोई कर बढ़ाया। वाईएसआर ने धर्म-जाति से ऊपर उठकर हर किसी का कल्याण किया है। मुख्यमंत्री रहते जाति, धर्म और पार्टियों से दूर रहकर सभी का कल्याण सिर्फ वाईएसआर ने किया है।

वाईएस शर्मिला ने कहा कि मौजूदा मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू विश्वासघात, झूठ, भ्रष्टाचार और अराजकता का दूसरा नाम है। चंद्रबाबू ने किसानों और महिलाओं के साथ विश्वासघात किया है। ड्वाक्रा ग्रुप्स की महिलाओं को ऋण माफी के नाम पर धोखा दिया और उन्होंने ड्वाक्रा महिलाओं का ऋण माफ नहीं किया है।

परंतु अब बाबू पसपु- कुमकुम कार्यक्रम के नाम पर महिलाओं को फिर से गुमराह करने की कोशिश कर रहे हैं। फीस रिअंबर्समेंट नहीं मिलने से बच्चे शिक्षा से दूर होते जा रहे हैं। साथ ही आरोग्यश्री की सूची से कार्पोरेट अस्पतालों को हटा देने से गरीब अपना सही इलाज तक नहीं करवा पा रहा है।

वाईएस शर्मिला ने चंद्रबाबू पर 16 हजार करोड़ रुपये की अनुमानित लागत राशि वाली पोलावरम परियोजना को केवल अपने कमिशन के लिए परियोजना की लागत राशि 60 हजार करोड़ तक बढ़ाने का आरोप लगाया। अपने बेनामियों के लिए चंद्रबाबू ने पोलावरम परियोजना के निर्माण की जिम्मेदारी खुद ली, जबकि इस परियोजना के निर्माण का दायित्व केंद्र सरकार पर था। चंद्रबाबू ने तीन साल में परियोजना को पूरा करने की बात कही थी, लेकिन अभी तक यहां कोई काम शुरू तक नहीं हुआ है।

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उन्होंने कहा कि पिछले चुनाव में आंध्र के लिए 15 वर्षों तक स्पेशल स्टेट्स की मांग करने वाले चंद्रबाबू नायडू ने बाद में स्पेशल स्टेट्स को केंद्र की भाजपा सरकार के पास गिरवी रख दिया, लेकिन अब चुनाव करीब आने से फिर से स्पेशल स्टेट्स की मांग का ड्रामा कर रहे हैं।

उन्होंने कहा कि आंध्र प्रदेश के लिए स्पेशल स्टेट्स की मांग अगर आज जीवित है तो वह सिर्फ और सिर्फ वाईएसआर कांग्रेस पार्टी की बदौलत है, क्योंकि स्पेशल स्टेट्स के लिए वाईएस जगन ने अनशन, धरने, बंद और युवभेरी कार्यक्रमों का आयोजन किया और आखिर में वाईसीपी के सांसदों ने अपने पदों से इस्तीफा तक दे दिया है।

उन्होंने कहा कि राज्य की भ्रष्ट सरकार से मुक्ति, किसानों की खुशहाली, जाति, धर्म और पार्टियों से ऊपर उठकर जनता की सेवा करने के लिए वाईएस जगन को मुख्यमंत्री बनाने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि वाईएस जगन के मुख्यमंत्री बनने हर हर साल किसान को 12,500 रुपये दिए जाएंगे और समर्थन मूल्य के लिए 3 हजार करोड़ रुपये से कोष बनाया जाएगा। सूखा और प्राकृतिक आपदाएं आने पर किसानों की मदद के लिए 4 हजार करोड़ से एक और कोष बनाया जाएगा।