हैदराबाद : वाईएसआरसीपी के वरिष्ठ नेता और सांसद विजयसाई रेड्डी ने कहा कि तिरुमला तिरुपति देवस्थानम (टीटीडी) की ओर से मुझे किसी प्रकार का नोटिस नहीं मिला है। मीडिया में नोटिस के बारे में समाचार को देखा है। नोटिस में क्या है मुझे कुछ भी पता नहीं है।

विजयसाई रेड्डी ने बुधवार को मीडिया से आगे कहा कि वह चार साल तक टीटीडी बोर्ड के सदस्य रह चुके हैं। उन्होंने आगे कहा कि टीटीडी एपी धर्मस्व कानून के परिधि में आता है। इसके एक चैप्टर के अनुसार, टीटीडी को मुझे नोटिस भेजने का अधिकार नहीं है। यदि नोटिस भेजते भी है तो उसे नोटिस नहीं माना जाएगा। टीटीडी को किसी व्यक्ति से समाचार हासिल करने का अधिकार मात्र है।

यह भी पढ़ें :

अब वाईएस जगनमोहन रेड्डी नाम की ‘आंधी’ को रोक नहीं पाएंगे टीडीपी सुप्रीमो चंद्रबाबू

विजयसाई रेड्डी ने कहा कि मेरा आरोप है कि मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायुडू ने टीटीडी की सम्पत्ति को लूट लिया है। उसके बेटे लोकेश ने लूट हुई सम्पत्ति को विदेशों को भेज दिया है। मेरे आरोप के बारे में टीटीडी को जवाब पूछने का अधिकार नहीं है। यदि हिम्म्त है तो मेरे आरोपों की सीबीआई से जांच करवाये। सीबीआई की जांच में आप निर्दोष साबित होते है तो मैं राजनीतिक संन्यासी ले लूंगा।

सांसद ने कहा कि मुख्यमंत्री और मंत्री पद पर बैठे आप और आपके बेटे सीबीआई की जांच के लिए तैयार हो जाए। आपकी धमकियों से हम डरने वाले नहीं है। मेरे लगाये आरोपों का 13 घंटों में जवाब देने के लिए मैंने कहा था। मगर आपने 240 घंटों में टीटीडी द्वारा जवाब देने की कोशिश की है। क्या सब कुछ रफा-दफा करने बाद टीटीडी से नोटिस भेजते है? वाईएसआरसीपी सत्ता में आते ही आपके भ्रष्टाचार का भंडाफोड किया जाएगा।

सांसद ने कहा कि जब मैंने आरोप लगाया, तब ही सीबीआई से जांच की जाती तो सच का पता चल जाता था। आपके चार साल के भ्रष्टाचार को प्रदेश के लोग देख रहे हैं। आने वाले चुनाव में वो ही सबक सिखाएंगे। यदि 160 सेक्शन के तहत नोटिस भेजते है तो कानूनी तौर पर उसका जवाब दिया जाएगा।

विजयसाई रेड्डी ने कहा कि मुझे नोटिस देने का अधिकार चंद्रबाबू नायुडू, लोकेश और टीटीडी को नहीं है।