मुंबई : 'लालकृष्ण आडवाणी प्रधानमंत्री मोदी के गुरू रहे हैं, लेकिन मैंने कई बार देखा है कि प्रधानमंत्री मोदी अपने गुरू का भी सम्मान नहीं करते हैं।' यह बात मंगलवार को मुंबई में एक रैली को संबोधित करते हुए राहुल गांधी ने कही। उन्होंने आगे कहा कि हम वाजपेयी जी का सम्मान करते हैं, इसलिए उनका हाल जानना हमारी प्राथमिकता है।

राहुल ने कहा कि आज मैं आडवाणी जी के लिए बहुत दुखी महसूस करता हूं। कांग्रेस पार्टी ने उन्हें मोदी जी से अधिक सम्मान दिया है।

राहुल ने आगे कहा कि 'हमने वाजपेयी जी के खिलाफ चुनाव लड़ा था, लेकिन जब वह बीमार है तो मैं प्राथमिकता पर उससे मिलने गया क्योंकि मैं कांग्रेस का एक सैनिक हूं। वाजपेयी जी ने हमारे देश के लिए काम किया था और हम उनका सम्मान करते थे, क्योंकि वह प्रधानमंत्री थे। यह हमारी संस्कृति है।'

15 उद्योगपति देश चला रहे हैं

कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने आगे कहा कि "मोदीजी किसानों और बेरोजगारी जैसी बड़ी समस्याओं पर चुप हैं। वह पेट्रोल की बढ़ती कीमतों, मुद्रास्फीति और बेरोजगारी पर मेरे सवालों के जवाब नहीं देते हैं। मुठ्ठी भर 15 उद्योगपति देश चला रहे हैं।"

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राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के एक कार्यकर्ता द्वारा दायर मानहानि के एक मामले को लेकर राहुल ने कहा, "हमारी लड़ाई विचारधारा और व्यवस्था की है। वे मेरे खिलाफ चाहे जितने भी मामले अदालत में दायर करें..मैं उनके खिलाफ लड़ाई जारी रखूंगा, मुझे कोई चिंता नहीं है।"

इससे पहले भिवंडी अदालत के न्यायाधीश ए.आई. शेख ने राहुल को गवाहों के कटघरे में खड़ा होने के लिए कहा, और उनके खिलाफ आरोपों को पढ़कर सुनाया। राहुल ने इन आरोपों को स्वीकारने से इंकार कर दिया। सुनवाई की अगली तारीख 10 अगस्त तय हुई है।

हवाई अड्डे पर लगे थे भावी प्रधानमंत्री के होर्डिंग्स

राहुल जब मुंबई हवाईअड्डे पहुंचे, तो उनके स्वागत में मुंबई हवाईअड्डे के बाहर सड़कों पर 'भावी प्रधानमंत्री' लिखे होर्डिग्स लगे दिखाई दिए। इस दौरान कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अशोक चव्हाण, मुंबई कांग्रेस अध्यक्ष संजय निरूपम, जनार्दन चंदुरकर, भाई जगताप, राजू वाघमारे और अन्य वरिष्ठ नेताओं ने राहुल का स्वागत किया।

राहुल यहां से ठाणे जिले से सटे भिवंडी अदालत के लिए प्रस्थान कर गए, जहां चार साल पहले उनके खिलाफ आरएसएस के एक कार्यकर्ता द्वारा दायर मानहानि के मामले में आरोप तय होने थे। इस दौरान भिवंडी अदालत किले में तब्दील था।

राहुल पर आरएसएस कार्यकर्ता राजेश कुंटे ने मामला दर्ज करवाया था। राजेश ने मार्च 2014 में एक चुनावी रैली में राहुल गांधी के शब्दों पर विरोध जताया था, जिसमें राहुल ने महात्मा गांधी की हत्या के लिए आरएसएस को दोषी ठहराया था।

राहुल इसके बाद मुंबई में गोरेगांव स्थित बम्बई एक्सिबिशिन सेंटर में पार्टी के 15,000 से अधिक बूथ स्तर के कार्यकर्ताओं से मिलेंगे।

राहुल शाम को पार्टी के नगरनिगम पार्षदों और राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) के अध्यक्ष शरद पवार से भी मुलाकात कर सकते हैं।