मुंबई : निजी क्षेत्र के सबसे बड़े बैंक आईसीआईसीआई बैंक ने आज नकदी की अधिकता के बीच अपने आवास ऋण लेने वालों ग्राहकों के लिये नई कैशबैक योजना पेश की है। इस पेशकश के तहत ऋण लेने वालों को उनकी मासिक किस्त पर एक प्रतिशत कैशबैक मिलेगा।
  बैंक के मुताबिक इस योजना के तहत अगर कोई ग्राहक 30 साल की अवधि के लिये ऋण लेता है तो उसे इस अवधि में मूलधन का 11 प्रतिशत तक वापस मिल सकता है। हालांकि, बैंक ने कहा कि यह योजना सिर्फ नये आवास ऋण लेने वालों के लिये है।


  बैंक के कार्यकारी निदेशक अनूप बागची ने कहा कि बैंक ने दो और योजनाएं पेश की हैं। इसके तहत डेबिट और क्रेडिट कार्ड से किये गये खर्च पर अधिकतम 10,000 रुपये की सीमा के साथ 20 प्रतिशत कैशबैक मिलेगा। इसके साथ ही 20 प्रतिशत पुनर्भुगतान की बढ़ी सुविधा भी मिलेगी।
  बागची ने कहा कि किफायती आवास उत्पाद लेने वाले ग्राहक के लिये ब्याज की प्रभावी दर 4.62 प्रतिशत है, जो सरकार से मिलने वाली 2.5 लाख रूपये की नकद सब्सिड़ी के बाद है। इसके साथ ही आयकर छूट में भी लाभ होता है। उन्होंने कहा कि बैंक जब कैशबैक देता है तो इसका मतलब वह बदलने दे रहा है। बागची ने आगे कहा कि यह योजना आवास खरीदने वालों को तेज फैसले लेने में और घर प्राप्त करने में मदद करेगी।


  बैंक के मुताबिक यह कैशबैक योजना 15 से 30 साल के आवास ऋण पर उपलब्ध होगी। ग्राहक के पास विकल्प होगा कि अगर वह चाहे तो पैसे सीधे उसके खाते में डाल दिये जायेंगे या फिर उसके मूल बकाये में समायोजित कर दिये जायेंगे।
  कैशबैक पहली मासिक किस्त से मिलना शुरु हो जायेगा, लेकिन पहला कैशबैक 36 महीने की किस्त पूरी होने के बाद मिलेगा अर्थात् ग्राहकों को एक साथ 36 महीने का कैशबैक मिलेगा। इसके बाद सालाना आधार पर कैशबैक मिलेगा।