नई दिल्ली : गुडगांव की एक स्टार्ट अप कंपनी ने एक ऐसा स्मार्टफोन ऐप बनाया है जो 'स्मार्ट रिपोर्ट ' मुहैया कराएगा। यह ऐप उपयोगकर्ता में बीमारियों के खतरे का अनुमान लगा सकता है और उनके लक्षणों और जीवनशैली की सूचनाओं के आधार पर छिपी हुई विकृतियों के बारे में बता सकता है।

हेल्दियन्स नाम का यह ऐप उपयोगकर्ता को उनके शरीर की मूल सूचनाओं जैसे रक्त चाप, वजन और शर्करा के स्तर का पता लगा सकता है। साथ ही यह भविष्य के लिए अपने सभी जांच परिणामों को संग्रहित भी कर सकता है। इसके बाद यह ऐप असामान्य मापदंडों का पता लगाने के लिए डाटा का विश्लेषण करता है और जरुरी कदम उठाने की सलाह देता है।

इसमें उपयुक्त मेडिकल स्पेशलिस्ट से परामर्श लेना और जरुरी होने पर अतिरिक्त जांच आदि की जानकारी देना शामिल है। हेल्दियन्स के सीईओ और संस्थापक दीपक साहनी के मुताबिक पैथोलॉजी जांच में एक मेडिकल रिपोर्ट को समझना और फिर किसी के स्वास्थ्य पर उसके प्रभाव को समझना हमेशा से एक चुनौती रहा है।

' ' साहनी ने पीटीआई-भाषा को बताया हेल्दियन्स ऐप में इस परेशानी पर ध्यान दिया गया और अब लोग एक बटन के क्लिक से अपने स्वास्थ्य का पूरा ज्ञान प्राप्त कर सकते हैं। इस स्मार्टफोन के फीचर अप्रत्यक्ष बीमारियों का पता लगाने में मदद करते हैं और भविष्य में होने वाली किसी बीमारी के खतरे के बारे में बताते हैं। साथ ही यह ऐप उपयोगकर्ता की जांच, लक्षणों और जीवनशैली संबंधी सूचना के आधार पर जीवनशैली और खानपान में बदलाव की सलाह देता है।

उन्होंने बताया कि उन्होंने उपयोगकर्ताओं को स्पष्ट चेतावनी दी है कि यह केवल सिस्टम जनित सलाह है। रोग की सटीक पहचान के लिए उपयोगकर्ता को निश्चित स्पेशलिस्ट के पास जाने की सलाह दी जाती है।