बीपीसीएल ने बिहार सरकार में स्वास्थ्य मंत्री तेजप्रताप की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। बीपीसीएल ने कार्रवाई करते हुए तेजप्रताप को आवंटित पेट्रोल पंप का लाइसेंस रद्द कर दिया है। बताया जा रहा है कि लाइसेंस हासिल करने को लेकर बीपीसीएल ने तेज प्रताप को एक नोटिस भेजा था, जिसका वह उचित जवाब नहीं दे सके। इस वजह से यह कदम उठाया गया है। इस मामले में बीपीसीएल ने टिप्पणी करने से इंकार कर दिया है।

आपको बता दें कि भारत पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड ने दिसंबर 2011 में पटना में बेउर जेल के पास एक पेट्रोल पंप के लिए आवेदन मांगे थे। जिसके बाद इसमें तेजप्रताप ने भी आवेदन किया गया था।

उनके आवेदन के आधार पर उन्हें पेट्रोल पंप का आवंट कर दिया गया, लेकिन जिस जमीन के आधार पर इस पेट्रोल पंप का आवंटन तेजप्रताप को किया गया था, बाद में वो जमीन ही विवादों में घिर गई।

तेज प्रताप के भाई और बिहार के डिप्टी सीएम तेजस्वी यादव ने कहा कि वे इस संबंध में जल्द ही अधिक जानकारी देंगे। साथ ही उन्होंने सवाल उठाया कि इस मुद्दे पर एकतरफा कार्रवाई क्यों हो रही है? उन्होंने कहा कि सच जल्द ही सामने आएगा।