बालाघाट (MP): मध्य प्रदेश के कृषि मंत्री गौरीशंकर बिसेन और बीजेपी सांसद बोध सिंह भगत ने खुले मंच पर ये साबित करने की कोशिश की, कि कौन किसानों का ज्यादा हितैषी है। हालांकि इस तूतू मैं मैं में नेताओं और ओछी सियासत की ही पोल खुल गई।

दरअसल बालाघाट में आयोजित 'सबका साथ, सबका विकास' कार्यक्रम में दोनों नेताओं की काफी देर तक तू-तू, मैं-मैं होती रही। इस दौरान आयोजकों के समझाने बुझाने का भी इनपर कोई असर नहीं हुआ। सासंद ने मंत्री पर तल्ख होते हुए उन्हें चोर तक कहा। साथ ही खुद को किसानों का हितैषी बताया।

अब इस पूरी घटना का वीडियो आम लोगों और त्रासदी झेल रहे मध्य प्रदेश के किसानों के सामने है। ऐसा लगता है कि गरीब किसानों के बीच आंसू बहाने वाले इन नेताओं की पोल खुल गई है। मंदसौर में किसानों की हत्या पर बीजेपी के नेताओं ने ही खूब आंसू बहाए थे। अब मंच पर इनकी हेकड़ी से साफ लगता है कि इनकी आम जनता के लिए संवेदनाएं मर गई हैं।

दरअसल कार्यक्रम के दौरान एक किसान खाद-बीज संबंधी अपनी समस्या बता रहा था। इसी बीच कृषि मंत्री ने उसे मंच से भगा दिया। इसको लेकर सांसद गौरीशंकर बिसेन किसान के पक्ष में मंच पर ही मंत्री से बहस करने लगे। दोनों एक-दूसरे को किसानों का हितैषी बताने लगे। मंच पर मौजूद स्थानीय बीजेपी नेताओं ने दोनों को शांत कराने की कोशिश की।

कृषि मंत्री ने गुस्से में कहा कि मैं दोबारा इस सांसद के प्रोग्राम में नहीं आऊंगा। इसको लेकर सांसद बोध सिंह भगत ने कहा, 'मत आना'। इस बीच बिसेन सांसद को कुछ कहते रहे, जिसको लेकर सांसद ने उन्हें झिड़कते हुए कहा, 'बहुत देखे हैं ऐसे मंत्री हमने।' इसके बांद कृषि मंत्री को उनके सुरक्षकर्मी मंच से उतार ले गए।