वाशिंगटन: क्या आपने नये साल में वजन घटाने का संकल्प लिया है? तो थोड़ा रुक जाइए, वैज्ञानिकों का कहना है कि अपने शरीर के बारे में गंभीर सोच एवं नकारात्मक धारणा छोड़ना एक बेहतर विचार हो सकता है।

हर साल हममें से कई लोग स्वस्थ रहने के लिए कठोर परिश्रम करने, वजन घटाने और साग-सब्जियां अधिक खाने का संकल्प लेते हैं। लेकिन फ्लोरिडा स्टेट यूनिवर्सिटी (एफएसयू) के शोधकर्ताओं ने अपने शरीर को जस का तस स्वीकार करने को प्रोत्साहित करने वाले एक नये कार्यक्रम का परीक्षण किया और उन्हें नाटकीय नतीजे नजर आए। एफएसयू की प्रोफेसर पामेला कील ने कहा, आप विचार कीजिए कि वर्ष 2018 में कौन सी बात आपको अधिक खुशहाल और स्वस्थ बनाने जा रही है।

10 पाउंड वजन कम करना या अपने शरीर के बारे में बुरे दृष्टिकोण त्यागना। खासकर महिलाओं में अपनी काया को लेकर असंतुष्टि एक सामान्य समस्या है। पिछले 35 सालों में आदर्श शारीरिक सौष्ठव हासिल करना ज्यादातर लोगों के लिए अप्राप्य रहा है और ऐसे में वास्तविकता से उसका मिलान नहीं हो पाता है।

कील ने लोगों को अपने बारे में अच्छा महसूस करने की रणनीतियों पर काम किया। ओरेगन रिसर्च इंस्टीट्यूट के वरिष्ठ शोध वैज्ञानिक एरिक स्टीस और टेक्सास के ट्रिनिटी विश्वविद्यालय के प्रोफेसर कैरोलीन बेकर की द बड़ी प्रोजेक्ट से ये विचार सामने आए।

कील ने कहा, यदि आप अपने आप को दूसरों के सामने इस तरह बर्ताव करने के लिए ढालते हैं जो आपके शरीर की प्रशंसा और स्वीकृति पर बल देता है तो ऐसे में आप उस स्थिति में पहुंच जाते हैं जहां आप अपने शरीर के बारे में वैसा ही महसूस करने लगते हैं।