फिल्म का नाम: सात उचक्के डायरेक्टर: संजीव शर्मा स्टार कास्ट: मनोज बाजपेयी, के के मेनन, विजय राज, अदिति शर्मा, अन्नू कपूर, अनुपम खेर, अवधि: 2 घंटा 19 मिनट, सर्टिफिकेट: A 

यूं तो संजीव शर्मा ने बतौर गीतकार और राइटर काफी अच्छा काम किया है। पहली बार निर्देशन में हाथ आजमा रहे संजीव की फिल्म सात उचक्के को मील का पत्थर तो कतई नहीं कहा जा सकता। हां ये ज़रूर है कि हल्की फुल्की मसाला फिल्म के तौर पर ये दर्शकों को पूरे समय बांधे जरूर रखती है।

कहानी: फिल्म की कहानी एक पागलखाने से शुरू होकर पुरानी दिल्ली की दीवान साहेब (अनुपम खेर) की हवेली पर जाकर खत्म होती है. फिल्म में पप्पी जाट (मनोज बाजपेयी ) अपने दोस्तों हग्गू, खप्पे, अज्जी ,बब्बे, और जग्गी तिरछा (विजय राज ) के साथ एक खजाने को लूटने का प्लान बनाता है. इसमें उसकी मदद करने के लिए गर्लफ्रेंड सोना (अदिति शर्मा) भी जुड़ती है. इन सभी को परेशान करने वाला एक ही पुलिस वाला है जिसका नाम तेजपाल राठी (के के मेनन) है. फिल्म में बिच्ची (अन्नू कपूर) का भी अहम रोल है. अब क्या पप्पी जाट अपने गिरोह के साथ खजाना लूट पाने में सफल हो पाता है, इसका पता आपको फिल्म देखकर ही चलेगा.

फिल्म के स्क्रीनप्ले और एडिटिंग में सुधार की काफी गुंजाइश नज़र आती है। कई बार वन लाइनर जोक्स से हंसी तो आती है। लेकिन पूरे समय ये आपको इंटरटेन नहीं कर पाएगी। हां हल्के फुल्के हास्य से आप ऊबेंगे नहीं।

मनोज बाजपेयी, के के मेनन और विजय राज जैसे उम्दा कलाकारों ने एक्टिंग में खूब मेहनत की है। खासकर पुरानी दिल्ली के फ्लेवर से दर्शक थोड़े प्रभावित जरूर होंगे। फिल्म में 'नजर लागी राजा' और 'छाप तिलक' जैसे लोकगीत बेहतरीन तरीके से दिखाए गए हैं.

यह फिल्म एक साल पहले ही बनकर तैयार थी लेकिन सेंसर सर्टिफिकेट मिलने के लिए काफी मशक्कत की जा रही थी. मार्केटिंग और प्रमोशन के साथ फिल्म की लागत लगभग 12 करोड़ रुपये बताई जा रही है. देखना खास होगा कि बॉक्स ऑफिस पर फिल्म को कितना फायदा या नुकसान होगा.