नई दिल्ली : यूपी सरकार अपने विकास और स्वच्छ छवि के सहारे चुनाव में जनता के सामने वोट मांग रही है, लेकिन सुप्रीम कोर्ट का एक आदेश सरकार की मुसीबत बढ़ा सकता है। अखिलेश सरकार में मंत्री और अमेठी से सपा प्रत्याशी गायत्री प्रसाद प्रजापति के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट ने गैंगरेप और यौन उत्पीड़न मामले में एफआईआर दर्ज करने के आदेश दिए हैं।

इसके अलावा कोर्ट ने सरकार से आठ हफ्तों के भीतर जवाब मांगा है। जानकारी के अनुसार, पीड़िता चित्रकूट की रहने वाली है। गायत्री प्रसाद प्रजापति पर आरोप लगाते हुए कहा कि पीड़िता ने कहा कि समाजवादी पार्टी में अच्छा पद दिलाने का लालच देकर पिछले दो साल में कई बार उसके साथ गैंगरेप किया।

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शिकायत के बाद भी मामला दर्ज नहीं होने पर पीड़िता ने सुप्रीम कोर्ट में गुहार लगाई थी। पीड़िता का कहना था कि उसके साथ गैंगरेप हुआ और उसकी बेटी का भी यौन उत्पीड़न किया गया। सुप्रीम कोर्ट ने इस मुद्दे पर तुरंत एफआईआर दर्ज करने के आदेश दिए हैं।